Pt 6, Chandi Charitar (Bachitar Natak),
ਚੰਡੀ ਚਰਿਤ੍ਰ (ਬਚਿਤ੍ਰ ਨਾਟਕ),
चंडी चरित्र (बचित्र नाटक)


200+ ਗੁਰਬਾਣੀ (ਪੰਜਾਬੀ) 200+ गुरबाणी (हिंदी) 200+ Gurbani (Eng) Sundar Gutka Sahib (Download PDF) Daily Updates


Bani LangMeanings
ਪੰਜਾਬੀ ---
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ਅਥ ਸੁੰਭ ਜੁਧ ਕਥਨੰ ॥

अथ सुँभ जुध कथनं ॥

ath su(n)bh judh kathana(n) ||


ਭੁਜੰਗ ਪ੍ਰਯਾਤ ਛੰਦ ॥

भुजंग प्रयात छंद ॥

bhuja(n)g prayaat chha(n)dh ||


ਲਘੁੰ ਭ੍ਰਾਤ ਜੁਝਿਯੋ ਸੁਨਿਯੋ ਸੁੰਭ ਰਾਯੰ ॥

लघुँ भ्रात जुझियो सुनियो सुँभ रायं ॥

laghu(n) bhraat jujhiyo suniyo su(n)bh raaya(n) ||

ਸਜੈ ਸਸਤ੍ਰ ਅਸਤ੍ਰੰ ਚੜਿਯੋ ਚਉਪ ਚਾਯੰ ॥

सजै ससत्र असत्रं चड़ियो चउप चायं ॥

sajai sasatr asatra(n) chaRiyo chaup chaaya(n) ||

ਭਯੋ ਨਾਦ ਉਚੰ ਰਹਿਯੋ ਪੂਰ ਗੈਣੰ ॥

भयो नाद उचं रहियो पूर गैणं ॥

bhayo naadh ucha(n) rahiyo poor gaina(n) ||

ਤ੍ਰਸੰ ਦੇਵਤਾ ਦੈਤ ਕੰਪਿਯੋ ਤ੍ਰਿਨੈਣੰ ॥੧॥੧੫੭॥

त्रसं देवता दैत कंपियो तृनैणं ॥१॥१५७॥

trasa(n) dhevataa dhait ka(n)piyo tiranaina(n) ||1||157||


ਡਰਿਯੋ ਚਾਰ ਬਕਤ੍ਰੰ ਟਰਿਯੋ ਦੇਵ ਰਾਜੰ ॥

डरियो चार बकत्रं टरियो देव राजं ॥

ddariyo chaar bakatra(n) Tariyo dhev raaja(n) ||

ਡਿਗੇ ਪਬ ਸਰਬੰ ਸ੍ਰਜੇ ਸੁਭ ਸਾਜੰ ॥

डिगे पब सरबं स्रजे सुभ साजं ॥

ddige pab saraba(n) sraje subh saaja(n) ||

ਪਰੇ ਹੂਹ ਦੈ ਕੈ ਭਰੇ ਲੋਹ ਕ੍ਰੋਹੰ ॥

परे हूह दै कै भरे लोह क्रोहं ॥

pare hooh dhai kai bhare loh kroha(n) ||

ਮਨੋ ਮੇਰ ਕੋ ਸਾਤਵੋ ਸ੍ਰਿੰਗ ਸੋਹੰ ॥੨॥੧੫੮॥

मनो मेर को सातवो सृंग सोहं ॥२॥१५८॥

mano mer ko saatavo sira(n)g soha(n) ||2||158||


ਸਜਿਯੋ ਸੈਨ ਸੁਭੰ ਕੀਯੋ ਨਾਦ ਉਚੰ ॥

सजियो सैन सुभं कीयो नाद उचं ॥

sajiyo sain subha(n) keeyo naadh ucha(n) ||

ਸੁਣੈ ਗਰਭਣੀਆਨ ਕੇ ਗਰਭ ਮੁਚੰ ॥

सुणै गरभणीआन के गरभ मुचं ॥

sunai garabhaneeaan ke garabh mucha(n) ||

ਪਰਿਯੋ ਲੋਹ ਕ੍ਰੋਹੰ ਉਠੀ ਸਸਤ੍ਰ ਝਾਰੰ ॥

परियो लोह क्रोहं उठी ससत्र झारं ॥

pariyo loh kroha(n) uThee sasatr jhaara(n) ||

ਚਵੀ ਚਾਵਡੀ ਡਾਕਣੀਯੰ ਡਕਾਰੰ ॥੩॥੧੫੯॥

चवी चावडी डाकणीयं डकारं ॥३॥१५९॥

chavee chaavaddee ddaakaneeya(n) ddakaara(n) ||3||159||


ਬਹੇ ਸਸਤ੍ਰ ਅਸਤ੍ਰੰ ਕਟੇ ਚਰਮ ਬਰਮੰ ॥

बहे ससत्र असत्रं कटे चरम बरमं ॥

bahe sasatr asatra(n) kaTe charam barama(n) ||

ਭਲੇ ਕੈ ਨਿਬਾਹਿਯੋ ਭਟੰ ਸੁਆਮਿ ਧਰਮੰ ॥

भले कै निबाहियो भटं सुआमि धरमं ॥

bhale kai nibaahiyo bhaTa(n) suaam dharama(n) ||

ਉਠੀ ਕੂਹ ਜੂਹੰ ਗਿਰੇ ਚਉਰ ਚੀਰੰ ॥

उठी कूह जूहं गिरे चउर चीरं ॥

auThee kooh jooha(n) gire chaur cheera(n) ||

ਰੁਲੇ ਤਛ ਮੁਛੰ ਪਰੀ ਗਛ ਤੀਰੰ ॥੪॥੧੬੦॥

रुले तछ मुछं परी गछ तीरं ॥४॥१६०॥

rule tachh muchha(n) paree gachh teera(n) ||4||160||


ਗਿਰੇ ਅੰਕੁਸੰ ਬਾਰੁਣੰ ਬੀਰ ਖੇਤੰ ॥

गिरे अंकुसं बारुणं बीर खेतं ॥

gire a(n)kusa(n) baaruna(n) beer kheta(n) ||

ਨਚੇ ਕੰਧ ਹੀਣੰ ਕਬੰਧੰ ਅਚੇਤੰ ॥

नचे कंध हीणं कबंधं अचेतं ॥

nache ka(n)dh heena(n) kaba(n)dha(n) acheta(n) ||

ਉਡੈ ਗ੍ਰਿਧ ਬ੍ਰਿਧੰ ਰੜੈ ਕੰਕ ਬੰਕੰ ॥

उडै गृध बृधं रड़ै कंक बंकं ॥

auddai giradh biradha(n) raRai ka(n)k ba(n)ka(n) ||

ਭਕਾ ਭੁੰਕ ਭੇਰੀ ਡਾਹ ਡੂਹ ਡੰਕੰ ॥੫॥੧੬੧॥

भका भुँक भेरी डाह डूह डंकं ॥५॥१६१॥

bhakaa bhu(n)k bheree ddaeh ddooh dda(n)ka(n) ||5||161||


ਟਕਾ ਟੁਕ ਟੋਪੰ ਢਕਾ ਢੁਕ ਢਾਲੰ ॥

टका टुक टोपं ढका ढुक ढालं ॥

Takaa Tuk Topa(n) ddakaa dduk ddaala(n) ||

ਤਛਾ ਮੁਛ ਤੇਗੰ ਬਕੇ ਬਿਕਰਾਲੰ ॥

तछा मुछ तेगं बके बिकरालं ॥

tachhaa muchh tega(n) bake bikaraala(n) ||

ਹਲਾ ਚਾਲ ਬੀਰੰ ਧਮਾ ਧੰਮਿ ਸਾਗੰ ॥

हला चाल बीरं धमा धंमि सागं ॥

halaa chaal beera(n) dhamaa dha(n)m saaga(n) ||

ਪਰੀ ਹਾਲ ਹੂਲੰ ਸੁਣਿਯੋ ਲੋਗ ਨਾਗੰ ॥੬॥੧੬੨॥

परी हाल हूलं सुणियो लोग नागं ॥६॥१६२॥

paree haal hoola(n) suniyo log naaga(n) ||6||162||


ਡਕੀ ਡਾਗਣੀ ਜੋਗਣੀਯੰ ਬਿਤਾਲੰ ॥

डकी डागणी जोगणीयं बितालं ॥

ddakee ddaaganee joganeeya(n) bitaala(n) ||

ਨਚੇ ਕੰਧ ਹੀਣੰ ਕਬੰਧੰ ਕਪਾਲੰ ॥

नचे कंध हीणं कबंधं कपालं ॥

nache ka(n)dh heena(n) kaba(n)dha(n) kapaala(n) ||

ਹਸੇ ਦੇਵ ਸਰਬੰ ਰਿਸ੍ਰਯੋ ਦਾਨਵੇਸੰ ॥

हसे देव सरबं रिस्रयो दानवेसं ॥

hase dhev saraba(n) risrayo dhaanavesa(n) ||

ਕਿਧੋ ਅਗਨਿ ਜੁਆਲੰ ਭਯੋ ਆਪ ਭੇਸੰ ॥੭॥੧੬੩॥

किधो अगनि जुआलं भयो आप भेसं ॥७॥१६३॥

kidho agan juaala(n) bhayo aap bhesa(n) ||7||163||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਸੁੰਭਾਸੁਰ ਜੇਤਿਕੁ ਅਸੁਰ ਪਠਏ ਕੋਪੁ ਬਢਾਇ ॥

सुँभासुर जेतिकु असुर पठए कोपु बढाइ ॥

su(n)bhaasur jetik asur paThe kop baddai ||

ਤੇ ਦੇਬੀ ਸੋਖਤ ਕਰੇ ਬੂੰਦ ਤਵਾ ਕੀ ਨਿਆਇ ॥੮॥੧੬੪॥

ते देबी सोखत करे बूँद तवा की निआइ ॥८॥१६४॥

te dhebee sokhat kare boo(n)dh tavaa kee niaai ||8||164||


ਨਰਾਜ ਛੰਦ ॥

नराज छंद ॥

naraaj chha(n)dh ||


ਸੁ ਬੀਰ ਸੈਣ ਸਜਿ ਕੈ ॥

सु बीर सैण सजि कै ॥

s beer sain saj kai ||

ਚੜਿਯੋ ਸੁ ਕੋਪ ਗਜਿ ਕੈ ॥

चड़ियो सु कोप गजि कै ॥

chaRiyo su kop gaj kai ||

ਚਲਿਯੋ ਸੁ ਸਸਤ੍ਰ ਧਾਰ ਕੈ ॥

चलियो सु ससत्र धार कै ॥

chaliyo su sasatr dhaar kai ||

ਪੁਕਾਰ ਮਾਰੁ ਮਾਰ ਕੈ ॥੯॥੧੬੫॥

पुकार मारु मार कै ॥९॥१६५॥

pukaar maar maar kai ||9||165||


ਸੰਗੀਤ ਮਧੁਭਾਰ ਛੰਦ ॥

संगीत मधुभार छंद ॥

sa(n)geet madhubhaar chha(n)dh ||


ਕਾਗੜਦੰ ਕੜਾਕ ॥

कागड़दं कड़ाक ॥

kaagaRadha(n) kaRaak ||

ਤਾਗੜਦੰ ਤੜਾਕ ॥

तागड़दं तड़ाक ॥

taagaRadha(n) taRaak ||

ਸਾਗੜਦੰ ਸੁ ਬੀਰ ॥

सागड़दं सु बीर ॥

saagaRadha(n) su beer ||

ਗਾਗੜਦੰ ਗਹੀਰ ॥੧੦॥੧੬੬॥

गागड़दं गहीर ॥१०॥१६६॥

gaagaRadha(n) gaheer ||10||166||


ਨਾਗੜਦੰ ਨਿਸਾਣ ॥

नागड़दं निसाण ॥

naagaRadha(n) nisaan ||

ਜਾਗੜਦੰ ਜੁਆਣ ॥

जागड़दं जुआण ॥

jaagaRadha(n) juaan ||

ਨਾਗੜਦੀ ਨਿਹੰਗ ॥

नागड़दी निहंग ॥

naagaRadhee niha(n)g ||

ਪਾਗੜਦੀ ਪਲੰਗ ॥੧੧॥੧੬੭॥

पागड़दी पलंग ॥११॥१६७॥

paagaRadhee pala(n)g ||11||167||


ਤਾਗੜਦੀ ਤਮਕਿ ॥

तागड़दी तमकि ॥

taagaRadhee tamak ||

ਲਾਗੜਦੀ ਲਹਕਿ ॥

लागड़दी लहकि ॥

laagaRadhee lahak ||

ਕਾਗੜਦੰ ਕ੍ਰਿਪਾਣ ॥

कागड़दं कृपाण ॥

kaagaRadha(n) kirapaan ||

ਬਾਹੈ ਜੁਆਣ ॥੧੨॥੧੬੮॥

बाहै जुआण ॥१२॥१६८॥

baahai juaan ||12||168||


ਖਾਗੜਦੀ ਖਤੰਗ ॥

खागड़दी खतंग ॥

khaagaRadhee khata(n)g ||

ਨਾਗੜਦੀ ਨਿਹੰਗ ॥

नागड़दी निहंग ॥

naagaRadhee niha(n)g ||

ਛਾਗੜਦੀ ਛੁਟੰਤ ॥

छागड़दी छुटंत ॥

chhaagaRadhee chhuTa(n)t ||

ਆਗੜਦੀ ਉਡੰਤ ॥੧੩॥੧੬੯॥

आगड़दी उडंत ॥१३॥१६९॥

aagaRadhee udda(n)t ||13||169||


ਪਾਗੜਦੀ ਪਵੰਗ ॥

पागड़दी पवंग ॥

paagaRadhee pava(n)g ||

ਸਾਗੜਦੀ ਸੁਭੰਗ ॥

सागड़दी सुभंग ॥

saagaRadhee subha(n)g ||

ਜਾਗੜਦੀ ਜੁਆਣ ॥

जागड़दी जुआण ॥

jaagaRadhee juaan ||

ਝਾਗੜਦੀ ਜੁਝਾਣਿ ॥੧੪॥੧੭੦॥

झागड़दी जुझाणि ॥१४॥१७०॥

jhaagaRadhee jujhaan ||14||170||


ਝਾਗੜਦੀ ਝੜੰਗ ॥

झागड़दी झड़ंग ॥

jhaagaRadhee jhaRa(n)g ||

ਕਾਗੜਦੀ ਕੜੰਗ ॥

कागड़दी कड़ंग ॥

kaagaRadhee kaRa(n)g ||

ਤਾਗੜਦੀ ਤੜਾਕ ॥

तागड़दी तड़ाक ॥

taagaRadhee taRaak ||

ਚਾਗੜਦੀ ਚਟਾਕ ॥੧੫॥੧੭੧॥

चागड़दी चटाक ॥१५॥१७१॥

chaagaRadhee chaTaak ||15||171||


ਘਾਗੜਦੀ ਘਬਾਕ ॥

घागड़दी घबाक ॥

ghaagaRadhee ghabaak ||

ਭਾਗੜਦੀ ਭਭਾਕ ॥

भागड़दी भभाक ॥

bhaagaRadhee bhabhaak ||

ਕਾਗੜਦੰ ਕਪਾਲਿ ॥

कागड़दं कपालि ॥

kaagaRadha(n) kapaal ||

ਨਚੀ ਬਿਕ੍ਰਾਲ ॥੧੬॥੧੭੨॥

नची बिक्राल ॥१६॥१७२॥

nachee bikraal ||16||172||


ਨਰਾਜ ਛੰਦ ॥

नराज छंद ॥

naraaj chha(n)dh ||


ਅਨੰਤ ਦੁਸਟ ਮਾਰੀਯੰ ॥

अनंत दुसट मारीयं ॥

ana(n)t dhusaT maareeya(n) ||

ਬਿਅੰਤ ਸੋਕ ਟਾਰੀਯੰ ॥

बिअंत सोक टारीयं ॥

bia(n)t sok Taareeya(n) ||

ਕਮੰਧ ਅੰਧ ਉਠੀਯੰ ॥

कमंध अंध उठीयं ॥

kama(n)dh a(n)dh uTheeya(n) ||

ਬਿਸੇਖ ਬਾਣ ਬੁਠੀਯੰ ॥੧੭॥੧੭੩॥

बिसेख बाण बुठीयं ॥१७॥१७३॥

bisekh baan buTheeya(n) ||17||173||


ਕੜਕਾ ਕਰਮੁਕੰ ਉਧੰ ॥

कड़का करमुकं उधं ॥

kaRakaa karamuka(n) udha(n) ||

ਸੜਾਕ ਸੈਹਥੀ ਜੁਧੰ ॥

सड़ाक सैहथी जुधं ॥

saRaak saihathee judha(n) ||

ਬਿਅੰਤ ਬਾਣਿ ਬਰਖਯੰ ॥

बिअंत बाणि बरखयं ॥

bia(n)t baan barakhaya(n) ||

ਬਿਸੇਖ ਬੀਰ ਪਰਖਯੰ ॥੧੮॥੧੭੪॥

बिसेख बीर परखयं ॥१८॥१७४॥

bisekh beer parakhaya(n) ||18||174||


ਸੰਗੀਤ ਨਰਾਜ ਛੰਦ ॥

संगीत नराज छंद ॥

sa(n)geet naraaj chha(n)dh ||


ਕੜਾ ਕੜੀ ਕ੍ਰਿਪਾਣਯੰ ॥

कड़ा कड़ी कृपाणयं ॥

kaRaa kaRee kirapaanaya(n) ||

ਜਟਾ ਜੁਟੀ ਜੁਆਣਯੰ ॥

जटा जुटी जुआणयं ॥

jaTaa juTee juaanaya(n) ||

ਸੁਬੀਰ ਜਾਗੜਦੰ ਜਗੇ ॥

सुबीर जागड़दं जगे ॥

subeer jaagaRadha(n) jage ||

ਲੜਾਕ ਲਾਗੜਦੰ ਪਗੇ ॥੧੯॥੧੭੫॥

लड़ाक लागड़दं पगे ॥१९॥१७५॥

laRaak laagaRadha(n) page ||19||175||


ਰਸਾਵਲ ਛੰਦ ॥

रसावल छंद ॥

rasaaval chha(n)dh ||


ਝਮੀ ਤੇਗ ਝਟੰ ॥

झमी तेग झटं ॥

jhamee teg jhaTa(n) ||

ਛੁਰੀ ਛਿਪ੍ਰ ਛੁਟੰ ॥

छुरी छिप्र छुटं ॥

chhuree chhipr chhuTa(n) ||

ਗੁਰੰ ਗੁਰਜ ਗਟੰ ॥

गुरं गुरज गटं ॥

gura(n) guraj gaTa(n) ||

ਪਲੰਗੰ ਪਿਸਟੰ ॥੨੦॥੧੭੬॥

पलंगं पिसटं ॥२०॥१७६॥

pala(n)ga(n) pisaTa(n) ||20||176||


ਕਿਤੇ ਸ੍ਰੋਣ ਚਟੰ ॥

किते स्रोण चटं ॥

kite sron chaTa(n) ||

ਕਿਤੇ ਸੀਸ ਫੁਟੰ ॥

किते सीस फुटं ॥

kite sees fuTa(n) ||

ਕਹੂੰ ਹੂਹ ਛੁਟੰ ॥

कहूँ हूह छुटं ॥

kahoo(n) hooh chhuTa(n) ||

ਕਹੂੰ ਬੀਰ ਉਠੰ ॥੨੧॥੧੭੭॥

कहूँ बीर उठं ॥२१॥१७७॥

kahoo(n) beer uTha(n) ||21||177||


ਕਹੂੰ ਧੂਰਿ ਲੁਟੰ ॥

कहूँ धूरि लुटं ॥

kahoo(n) dhoor luTa(n) ||

ਕਿਤੇ ਮਾਰ ਰਟੰ ॥

किते मार रटं ॥

kite maar raTa(n) ||

ਭਣੈ ਜਸ ਭਟੰ ॥

भणै जस भटं ॥

bhanai jas bhaTa(n) ||

ਕਿਤੇ ਪੇਟ ਫਟੰ ॥੨੨॥੧੭੮॥

किते पेट फटं ॥२२॥१७८॥

kite peT faTa(n) ||22||178||


ਭਜੇ ਛਤ੍ਰਿ ਥਟੰ ॥

भजे छतृ थटं ॥

bhaje chhatr thaTa(n) ||

ਕਿਤੇ ਖੂਨ ਖਟੰ ॥

किते खून खटं ॥

kite khoon khaTa(n) ||

ਕਿਤੇ ਦੁਸਟ ਦਟੰ ॥

किते दुसट दटं ॥

kite dhusaT dhaTa(n) ||

ਫਿਰੇ ਜ੍ਯੋ ਹਰਟੰ ॥੨੩॥੧੭੯॥

फिरे ज्यो हरटं ॥२३॥१७९॥

fire jayo haraTa(n) ||23||179||


ਸਜੇ ਸੂਰ ਸਾਰੇ ॥

सजे सूर सारे ॥

saje soor saare ||

ਮਹਿਖੁਆਸ ਧਾਰੇ ॥

महिखुआस धारे ॥

mahikhuaas dhaare ||

ਲਏ ਖਗਆਰੇ ॥

लए खगआरे ॥

le khagaare ||

ਮਹਾ ਰੋਹ ਵਾਰੇ ॥੨੪॥੧੮੦॥

महा रोह वारे ॥२४॥१८०॥

mahaa roh vaare ||24||180||


ਸਹੀ ਰੂਪ ਕਾਰੇ ॥

सही रूप कारे ॥

sahee roop kaare ||

ਮਨੋ ਸਿੰਧੁ ਖਾਰੇ ॥

मनो सिंधु खारे ॥

mano si(n)dh khaare ||

ਕਈ ਬਾਰ ਗਾਰੇ ॥

कई बार गारे ॥

kiee baar gaare ||

ਸੁ ਮਾਰੰ ਉਚਾਰੇ ॥੨੫॥੧੮੧॥

सु मारं उचारे ॥२५॥१८१॥

s maara(n) uchaare ||25||181||


ਭਵਾਨੀ ਪਛਾਰੇ ॥

भवानी पछारे ॥

bhavaanee pachhaare ||

ਜਵਾ ਜੇਮਿ ਜਾਰੇ ॥

जवा जेमि जारे ॥

javaa jem jaare ||

ਬਡੇਈ ਲੁਝਾਰੇ ॥

बडेई लुझारे ॥

baddeiee lujhaare ||

ਹੁਤੇ ਜੇ ਹੀਏ ਵਾਰੇ ॥੨੬॥੧੮੨॥

हुते जे हीए वारे ॥२६॥१८२॥

hute je he'ee vaare ||26||182||


ਇਕੰ ਬਾਰ ਟਾਰੇ ॥

इकं बार टारे ॥

eika(n) baar Taare ||

ਠਮੰ ਠੋਕਿ ਠਾਰੇ ॥

ठमं ठोकि ठारे ॥

Thama(n) Thok Thaare ||

ਬਲੀ ਮਾਰ ਡਾਰੇ ॥

बली मार डारे ॥

balee maar ddaare ||

ਢਮਕੇ ਢਢਾਰੇ ॥੨੭॥੧੮੩॥

ढमके ढढारे ॥२७॥१८३॥

ddamake ddaddaare ||27||183||


ਬਹੇ ਬਾਣਣਿਆਰੇ ॥

बहे बाणणिआरे ॥

bahe baananiaare ||

ਕਿਤੈ ਤੀਰ ਤਾਰੇ ॥

कितै तीर तारे ॥

kitai teer taare ||

ਲਖੇ ਹਾਥ ਬਾਰੇ ॥

लखे हाथ बारे ॥

lakhe haath baare ||

ਦਿਵਾਨੇ ਦਿਦਾਰੇ ॥੨੮॥੧੮੪॥

दिवाने दिदारे ॥२८॥१८४॥

dhivaane dhidhaare ||28||184||


ਹਣੇ ਭੂਮਿ ਪਾਰੇ ॥

हणे भूमि पारे ॥

hane bhoom paare ||

ਕਿਤੇ ਸਿੰਘ ਫਾਰੇ ॥

किते सिंघ फारे ॥

kite si(n)gh faare ||

ਕਿਤੇ ਆਪੁ ਬਾਰੇ ॥

किते आपु बारे ॥

kite aap baare ||

ਜਿਤੇ ਦੈਤ ਭਾਰੇ ॥੨੯॥੧੮੫॥

जिते दैत भारे ॥२९॥१८५॥

jite dhait bhaare ||29||185||


ਤਿਤੇ ਅੰਤ ਹਾਰੇ ॥

तिते अंत हारे ॥

tite a(n)t haare ||

ਬਡੇਈ ਅੜਿਆਰੇ ॥

बडेई अड़िआरे ॥

baddeiee aRiaare ||

ਖਰੇਈ ਬਰਿਆਰੇ ॥

खरेई बरिआरे ॥

khareiee bariaare ||

ਕਰੂਰੰ ਕਰਾਰੇ ॥੩੦॥੧੮੬॥

करूरं करारे ॥३०॥१८६॥

karoora(n) karaare ||30||186||


ਲਪਕੇ ਲਲਾਹੇ ॥

लपके ललाहे ॥

lapake lalaahe ||

ਅਰੀਲੇ ਅਰਿਆਰੇ ॥

अरीले अरिआरे ॥

areele ariaare ||

ਹਣੇ ਕਾਲ ਕਾਰੇ ॥

हणे काल कारे ॥

hane kaal kaare ||

ਭਜੇ ਰੋਹ ਵਾਰੇ ॥੩੧॥੧੮੭॥

भजे रोह वारे ॥३१॥१८७॥

bhaje roh vaare ||31||187||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਇਹ ਬਿਧਿ ਦੁਸਟ ਪ੍ਰਜਾਰ ਕੈ ਸਸਤ੍ਰ ਅਸਤ੍ਰ ਕਰਿ ਲੀਨ ॥

इह बिधि दुसट प्रजार कै ससत्र असत्र करि लीन ॥

eeh bidh dhusaT prajaar kai sasatr asatr kar leen ||

ਬਾਣ ਬੂੰਦ ਪ੍ਰਿਥਮੈ ਬਰਖ ਸਿੰਘ ਨਾਦ ਪੁਨਿ ਕੀਨ ॥੩੨॥੧੮੮॥

बाण बूँद पृथमै बरख सिंघ नाद पुनि कीन ॥३२॥१८८॥

baan boo(n)dh pirathamai barakh si(n)gh naadh pun keen ||32||188||


ਰਸਾਵਲ ਛੰਦ ॥

रसावल छंद ॥

rasaaval chha(n)dh ||


ਸੁਣਿਯੋ ਸੁੰਭ ਰਾਯੰ ॥

सुणियो सुँभ रायं ॥

suniyo su(n)bh raaya(n) ||

ਚੜਿਯੋ ਚਉਪ ਚਾਯੰ ॥

चड़ियो चउप चायं ॥

chaRiyo chaup chaaya(n) ||

ਸਜੇ ਸਸਤ੍ਰ ਪਾਣੰ ॥

सजे ससत्र पाणं ॥

saje sasatr paana(n) ||

ਚੜੇ ਜੰਗਿ ਜੁਆਣੰ ॥੩੩॥੧੮੯॥

चड़े जंगि जुआणं ॥३३॥१८९॥

chaRe ja(n)g juaana(n) ||33||189||


ਲਗੈ ਢੋਲ ਢੰਕੇ ॥

लगै ढोल ढंके ॥

lagai ddol dda(n)ke ||

ਕਮਾਣੰ ਕੜੰਕੇ ॥

कमाणं कड़ंके ॥

kamaana(n) kaRa(n)ke ||

ਭਏ ਨਦ ਨਾਦੰ ॥

भए नद नादं ॥

bhe nadh naadha(n) ||

ਧੁਣੰ ਨਿਰਬਿਖਾਦੰ ॥੩੪॥੧੯੦॥

धुणं निरबिखादं ॥३४॥१९०॥

dhuna(n) nirabikhaadha(n) ||34||190||


ਚਮਕੀ ਕ੍ਰਿਪਾਣੰ ॥

चमकी कृपाणं ॥

chamakee kirapaana(n) ||

ਹਠੇ ਤੇਜ ਮਾਣੰ ॥

हठे तेज माणं ॥

haThe tej maana(n) ||

ਮਹਾਬੀਰ ਹੁੰਕੇ ॥

महाबीर हुँके ॥

mahaabeer hu(n)ke ||

ਸੁ ਨੀਸਾਣ ਦ੍ਰੁੰਕੇ ॥੩੫॥੧੯੧॥

सु नीसाण द्रुँके ॥३५॥१९१॥

s neesaan dhru(n)ke ||35||191||


ਚਹੂੰ ਓਰ ਗਰਜੇ ॥

चहूँ ओर गरजे ॥

chahoo(n) or garaje ||

ਸਬੇ ਦੇਵ ਲਰਜੇ ॥

सबे देव लरजे ॥

sabe dhev laraje ||

ਸਰੰ ਧਾਰ ਬਰਖੇ ॥

सरं धार बरखे ॥

sara(n) dhaar barakhe ||

ਮਈਯਾ ਪਾਣ ਪਰਖੇ ॥੩੬॥੧੯੨॥

मईया पाण परखे ॥३६॥१९२॥

mieeyaa paan parakhe ||36||192||


ਚੌਪਈ ॥

चौपई ॥

chauapiee ||

ਜੇ ਲਏ ਸਸਤ੍ਰ ਸਾਮੁਹੇ ਧਏ ॥

जे लए ससत्र सामुहे धए ॥

je le sasatr saamuhe dhe ||

ਤਿਤੇ ਨਿਧਨ ਕਹੁੰ ਪ੍ਰਾਪਤਿ ਭਏ ॥

तिते निधन कहुँ प्रापति भए ॥

tite nidhan kahu(n) praapat bhe ||

ਝਮਕਤ ਭਈ ਅਸਨ ਕੀ ਧਾਰਾ ॥

झमकत भई असन की धारा ॥

jhamakat bhiee asan kee dhaaraa ||

ਭਭਕੇ ਰੁੰਡ ਮੁੰਡ ਬਿਕਰਾਰਾ ॥੩੭॥੧੯੩॥

भभके रुँड मुँड बिकरारा ॥३७॥१९३॥

bhabhake ru(n)dd mu(n)dd bikaraaraa ||37||193||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਹੈ ਗੈ ਰਥ ਪੈਦਲ ਕਟੇ ਬਚਿਯੋ ਨ ਜੀਵਤ ਕੋਇ ॥

है गै रथ पैदल कटे बचियो न जीवत कोइ ॥

hai gai rath paidhal kaTe bachiyo na jeevat koi ||

ਤਬ ਆਪੇ ਨਿਕਸਿਯੋ ਨ੍ਰਿਪਤਿ ਸੁੰਭ ਕਰੈ ਸੋ ਹੋਇ ॥੩੮॥੧੯੪॥

तब आपे निकसियो नृपति सुँभ करै सो होइ ॥३८॥१९४॥

tab aape nikasiyo nirapat su(n)bh karai so hoi ||38||194||


ਚੌਪਈ ॥

चौपई ॥

chauapiee ||

ਸਿਵ ਦੂਤੀ ਇਤਿ ਦ੍ਰੁਗਾ ਬੁਲਾਈ ॥

सिव दूती इति द्रुगा बुलाई ॥

siv dhootee it dhrugaa bulaiee ||

ਕਾਨ ਲਾਗਿ ਨੀਕੈ ਸਮੁਝਾਈ ॥

कान लागि नीकै समुझाई ॥

kaan laag neekai samujhaiee ||

ਸਿਵ ਕੋ ਭੇਜ ਦੀਜੀਐ ਤਹਾ ॥

सिव को भेज दीजीऐ तहा ॥

siv ko bhej dheejeeaai tahaa ||

ਦੈਤ ਰਾਜ ਇਸਥਿਤ ਹੈ ਜਹਾ ॥੩੯॥੧੯੫॥

दैत राज इसथित है जहा ॥३९॥१९५॥

dhait raaj isathit hai jahaa ||39||195||


ਸਿਵ ਦੂਤੀ ਜਬ ਇਮ ਸੁਨ ਪਾਵਾ ॥

सिव दूती जब इम सुन पावा ॥

siv dhootee jab im sun paavaa ||

ਸਿਵਹਿੰ ਦੂਤ ਕਰਿ ਉਤੈ ਪਠਾਵਾ ॥

सिवहिं दूत करि उतै पठावा ॥

sivahi(n) dhoot kar utai paThaavaa ||

ਸਿਵ ਦੂਤੀ ਤਾ ਤੇ ਭਯੋ ਨਾਮਾ ॥

सिव दूती ता ते भयो नामा ॥

siv dhootee taa te bhayo naamaa ||

ਜਾਨਤ ਸਕਲ ਪੁਰਖ ਅਰੁ ਬਾਮਾ ॥੪੦॥੧੯੬॥

जानत सकल पुरख अरु बामा ॥४०॥१९६॥

jaanat sakal purakh ar baamaa ||40||196||


ਸਿਵ ਕਹੀ ਦੈਤ ਰਾਜ ਸੁਨਿ ਬਾਤਾ ॥

सिव कही दैत राज सुनि बाता ॥

siv kahee dhait raaj sun baataa ||

ਇਹ ਬਿਧਿ ਕਹਿਯੋ ਤੁਮਹੁ ਜਗਮਾਤਾ ॥

इह बिधि कहियो तुमहु जगमाता ॥

eeh bidh kahiyo tumahu jagamaataa ||

ਦੇਵਨ ਕੇ ਦੈ ਕੈ ਠਕੁਰਾਈ ॥

देवन के दै कै ठकुराई ॥

dhevan ke dhai kai Thakuraiee ||

ਕੈ ਮਾਡਹੁ ਹਮ ਸੰਗ ਲਰਾਈ ॥੪੧॥੧੯੭॥

कै माडहु हम संग लराई ॥४१॥१९७॥

kai maaddahu ham sa(n)g laraiee ||41||197||


ਦੈਤ ਰਾਜ ਇਹ ਬਾਤ ਨ ਮਾਨੀ ॥

दैत राज इह बात न मानी ॥

dhait raaj ieh baat na maanee ||

ਆਪ ਚਲੇ ਜੂਝਨ ਅਭਿਮਾਨੀ ॥

आप चले जूझन अभिमानी ॥

aap chale joojhan abhimaanee ||

ਗਰਜਤ ਕਾਲਿ ਕਾਲ ਜ੍ਯੋ ਜਹਾ ॥

गरजत कालि काल ज्यो जहा ॥

garajat kaal kaal jayo jahaa ||

ਪ੍ਰਾਪਤਿ ਭਯੋ ਅਸੁਰ ਪਤਿ ਤਹਾ ॥੪੨॥੧੯੮॥

प्रापति भयो असुर पति तहा ॥४२॥१९८॥

praapat bhayo asur pat tahaa ||42||198||


ਚਮਕੀ ਤਹਾ ਅਸਨ ਕੀ ਧਾਰਾ ॥

चमकी तहा असन की धारा ॥

chamakee tahaa asan kee dhaaraa ||

ਨਾਚੇ ਭੂਤ ਪ੍ਰੇਤ ਬੈਤਾਰਾ ॥

नाचे भूत प्रेत बैतारा ॥

naache bhoot pret baitaaraa ||

ਫਰਕੇ ਅੰਧ ਕਬੰਧ ਅਚੇਤਾ ॥

फरके अंध कबंध अचेता ॥

farake a(n)dh kaba(n)dh achetaa ||

ਭਿਭਰੇ ਭਈਰਵ ਭੀਮ ਅਨੇਕਾ ॥੪੩॥੧੯੯॥

भिभरे भईरव भीम अनेका ॥४३॥१९९॥

bhibhare bhieerav bheem anekaa ||43||199||


ਤੁਰਹੀ ਢੋਲ ਨਗਾਰੇ ਬਾਜੇ ॥

तुरही ढोल नगारे बाजे ॥

turahee ddol nagaare baaje ||

ਭਾਤਿ ਭਾਤਿ ਜੋਧਾ ਰਣਿ ਗਾਜੈ ॥

भाति भाति जोधा रणि गाजै ॥

bhaat bhaat jodhaa ran gaajai ||

ਢਡਿ ਡਫ ਡਮਰੁ ਡੁਗਡੁਗੀ ਘਨੀ ॥

ढडि डफ डमरु डुगडुगी घनी ॥

ddadd ddaf ddamar ddugaddugee ghanee ||

ਨਾਇ ਨਫੀਰੀ ਜਾਤ ਨ ਗਨੀ ॥੪੪॥੨੦੦॥

नाइ नफीरी जात न गनी ॥४४॥२००॥

nai nafeeree jaat na ganee ||44||200||


ਮਧੁਭਾਰ ਛੰਦ ॥

मधुभार छंद ॥

madhubhaar chha(n)dh ||


ਹੁੰਕੇ ਕਿਕਾਣ ॥

हुँके किकाण ॥

hu(n)ke kikaan ||

ਧੁੰਕੇ ਨਿਸਾਣ ॥

धुँके निसाण ॥

dhu(n)ke nisaan ||

ਸਜੇ ਸੁ ਬੀਰ ॥

सजे सु बीर ॥

saje su beer ||

ਗਜੇ ਗਹੀਰ ॥੪੫॥੨੦੧॥

गजे गहीर ॥४५॥२०१॥

gaje gaheer ||45||201||


ਝੁਕੇ ਨਿਝਕ ॥

झुके निझक ॥

jhuke nijhak ||

ਬਜੇ ਉਬਕ ॥

बजे उबक ॥

baje ubak ||

ਸਜੇ ਸੁਬਾਹ ॥

सजे सुबाह ॥

saje subaeh ||

ਅਛੈ ਉਛਾਹ ॥੪੬॥੨੦੨॥

अछै उछाह ॥४६॥२०२॥

achhai uchhaeh ||46||202||


ਕਟੇ ਕਿਕਾਣ ॥

कटे किकाण ॥

kaTe kikaan ||

ਫੁਟੈ ਚਵਾਣ ॥

फुटै चवाण ॥

fuTai chavaan ||

ਸੂਲੰ ਸੜਾਕ ॥

सूलं सड़ाक ॥

soola(n) saRaak ||

ਉਠੇ ਕੜਾਕ ॥੪੭॥੨੦੩॥

उठे कड़ाक ॥४७॥२०३॥

auThe kaRaak ||47||203||


ਗਜੇ ਜੁਆਣ ॥

गजे जुआण ॥

gaje juaan ||

ਬਜੇ ਨਿਸਾਣਿ ॥

बजे निसाणि ॥

baje nisaan ||

ਸਜੇ ਰਜੇਾਂਦ੍ਰ ॥

सजे रजेाँद्र ॥

saje rajeaa(n)dhr ||

ਗਜੇ ਗਜੇਾਂਦ੍ਰ ॥੪੮॥੨੦੪॥

गजे गजेाँद्र ॥४८॥२०४॥

gaje gajeaa(n)dhr ||48||204||


ਭੁਜੰਗ ਪ੍ਰਯਾਤ ਛੰਦ ॥

भुजंग प्रयात छंद ॥

bhuja(n)g prayaat chha(n)dh ||


ਫਿਰੇ ਬਾਜੀਯੰ ਤਾਜੀਯੰ ਇਤ ਉਤੰ ॥

फिरे बाजीयं ताजीयं इत उतं ॥

fire baajeeya(n) taajeeya(n) it uta(n) ||

ਗਜੇ ਬਾਰਣੰ ਦਾਰੁਣੰ ਰਾਜ ਪੁਤ੍ਰੰ ॥

गजे बारणं दारुणं राज पुत्रं ॥

gaje baarana(n) dhaaruna(n) raaj putra(n) ||

ਬਜੇ ਸੰਖ ਭੇਰੀ ਉਠੈ ਸੰਖ ਨਾਦੰ ॥

बजे संख भेरी उठै संख नादं ॥

baje sa(n)kh bheree uThai sa(n)kh naadha(n) ||

ਰਣੰਕੈ ਨਫੀਰੀ ਧੁਣ ਨਿਰਬਿਖਾਦੰ ॥੪੯॥੨੦੫॥

रणंकै नफीरी धुण निरबिखादं ॥४९॥२०५॥

rana(n)kai nafeeree dhun nirabikhaadha(n) ||49||205||


ਕੜਕੇ ਕ੍ਰਿਪਾਣੰ ਸੜਕਾਰ ਸੇਲੰ ॥

कड़के कृपाणं सड़कार सेलं ॥

kaRake kirapaana(n) saRakaar sela(n) ||

ਉਠੀ ਕੂਹ ਜੂਹੰ ਭਈ ਰੇਲ ਪੇਲੰ ॥

उठी कूह जूहं भई रेल पेलं ॥

auThee kooh jooha(n) bhiee rel pela(n) ||

ਰੁਲੇ ਤਛ ਮੁਛੰ ਗਿਰੇ ਚਉਰ ਚੀਰੰ ॥

रुले तछ मुछं गिरे चउर चीरं ॥

rule tachh muchha(n) gire chaur cheera(n) ||

ਕਹੂੰ ਹਥ ਮਥੰ ਕਹੂੰ ਬਰਮ ਬੀਰੰ ॥੫੦॥੨੦੬॥

कहूँ हथ मथं कहूँ बरम बीरं ॥५०॥२०६॥

kahoo(n) hath matha(n) kahoo(n) baram beera(n) ||50||206||


ਰਸਾਵਲ ਛੰਦ ॥

रसावल छंद ॥

rasaaval chha(n)dh ||


ਬਲੀ ਬੈਰ ਰੁਝੇ ॥

बली बैर रुझे ॥

balee bair rujhe ||

ਸਮੂਹ ਸਾਰ ਜੁਝੇ ॥

समूह सार जुझे ॥

samooh saar jujhe ||

ਸੰਭਾਰੇ ਹਥੀਯਾਰੰ ॥

संभारे हथीयारं ॥

sa(n)bhaare hatheeyaara(n) ||

ਬਕੈ ਮਾਰੁ ਮਾਰੰ ॥੫੧॥੨੦੭॥

बकै मारु मारं ॥५१॥२०७॥

bakai maar maara(n) ||51||207||


ਸਬੈ ਸਸਤ੍ਰ ਸਜੇ ॥

सबै ससत्र सजे ॥

sabai sasatr saje ||

ਮਹਾਬੀਰ ਗਜੇ ॥

महाबीर गजे ॥

mahaabeer gaje ||

ਸਰੰ ਓਘ ਛੁਟੇ ॥

सरं ओघ छुटे ॥

sara(n) ogh chhuTe ||

ਕੜੱਕਾਰੁ ਉਠੇ ॥੫੨॥੨੦੮॥

कड़क्कारु उठे ॥५२॥२०८॥

kaRa'kaar uThe ||52||208||


ਬਜੈ ਬਾਦ੍ਰਿਤੇਅੰ ॥

बजै बादृतेअं ॥

bajai baadhiratea(n) ||

ਹਸੈ ਗਾਧ੍ਰਬੇਅੰ ॥

हसै गाध्रबेअं ॥

hasai gaadhrabea(n) ||

ਝੰਡਾ ਗਡ ਜੁਟੇ ॥

झंडा गड जुटे ॥

jha(n)ddaa gadd juTe ||

ਸਰੰ ਸੰਜ ਫੁਟੇ ॥੫੩॥੨੦੯॥

सरं संज फुटे ॥५३॥२०९॥

sara(n) sa(n)j fuTe ||53||209||


ਚਹੂੰ ਓਰ ਉਠੇ ॥

चहूँ ओर उठे ॥

chahoo(n) or uThe ||

ਸਰੰ ਬ੍ਰਿਸਟ ਬੁਠੇ ॥

सरं बृसट बुठे ॥

sara(n) birasaT buThe ||

ਕਰੋਧੀ ਕਰਾਲੰ ॥

करोधी करालं ॥

karodhee karaala(n) ||

ਬਕੈ ਬਿਕਰਾਲੰ ॥੫੪॥੨੧੦॥

बकै बिकरालं ॥५४॥२१०॥

bakai bikaraala(n) ||54||210||


ਭੁਜੰਗ ਪ੍ਰਯਾਤ ਛੰਦ ॥

भुजंग प्रयात छंद ॥

bhuja(n)g prayaat chha(n)dh ||


ਕਿਤੇ ਕੁਠੀਅੰ ਬੁਠੀਅੰ ਬ੍ਰਿਸਟ ਬਾਣੰ ॥

किते कुठीअं बुठीअं बृसट बाणं ॥

kite kuTheea(n) buTheea(n) birasaT baana(n) ||

ਰਣੰ ਡੁਲੀਯੰ ਬਾਜ ਖਾਲੀ ਪਲਾਣੰ ॥

रणं डुलीयं बाज खाली पलाणं ॥

rana(n) dduleeya(n) baaj khaalee palaana(n) ||

ਜੁਝੇ ਜੋਧਿਯੰ ਬੀਰ ਦੇਵੰ ਅਦੇਵੰ ॥

जुझे जोधियं बीर देवं अदेवं ॥

jujhe jodhiya(n) beer dheva(n) adheva(n) ||

ਸਭੇ ਸਸਤ੍ਰ ਸਾਜਾ ਮਨੋ ਸਾਤਨੇਵੰ ॥੫੫॥੨੧੧॥

सभे ससत्र साजा मनो सातनेवं ॥५५॥२११॥

sabhe sasatr saajaa mano saataneva(n) ||55||211||


ਗਜੇ ਗਜੀਯੰ ਸਰਬ ਸਜੇ ਪਵੰਗੰ ॥

गजे गजीयं सरब सजे पवंगं ॥

gaje gajeeya(n) sarab saje pava(n)ga(n) ||

ਜੁਧੰ ਜੁਟੀਯੰ ਜੋਧ ਛੁਟੇ ਖਤੰਗੰ ॥

जुधं जुटीयं जोध छुटे खतंगं ॥

judha(n) juTeeya(n) jodh chhuTe khata(n)ga(n) ||

ਤੜਕੇ ਤਬਲੰ ਝੜੰਕੇ ਕ੍ਰਿਪਾਣੰ ॥

तड़के तबलं झड़ंके कृपाणं ॥

taRake tabala(n) jhaRa(n)ke kirapaana(n) ||

ਸੜਕਾਰ ਸੇਲੰ ਰਣੰਕੇ ਨਿਸਾਣੰ ॥੫੬॥੨੧੨॥

सड़कार सेलं रणंके निसाणं ॥५६॥२१२॥

saRakaar sela(n) rana(n)ke nisaana(n) ||56||212||


ਢਮਾ ਢਮ ਢੋਲੰ ਢਲਾ ਢੁਕ ਢਾਲੰ ॥

ढमा ढम ढोलं ढला ढुक ढालं ॥

ddamaa ddam ddola(n) ddalaa dduk ddaala(n) ||

ਗਹਾ ਜੂਹ ਗਜੇ ਹਯੰ ਹਲਚਾਲੰ ॥

गहा जूह गजे हयं हलचालं ॥

gahaa jooh gaje haya(n) halachaala(n) ||

ਸਟਾ ਸਟ ਸੈਲੰ ਖਹਾ ਖੂਨਿ ਖਗੰ ॥

सटा सट सैलं खहा खूनि खगं ॥

saTaa saT saila(n) khahaa khoon khaga(n) ||

ਤੁਟੇ ਚਰਮ ਬਰਮੰ ਉਠੇ ਨਾਲ ਅਗੰ ॥੫੭॥੨੧੩॥

तुटे चरम बरमं उठे नाल अगं ॥५७॥२१३॥

tuTe charam barama(n) uThe naal aga(n) ||57||213||


ਉਠੇ ਅਗਿ ਨਾਲੰ ਖਹੇ ਖੋਲ ਖਗੰ ॥

उठे अगि नालं खहे खोल खगं ॥

auThe ag naala(n) khahe khol khaga(n) ||

ਨਿਸਾ ਮਾਵਸੀ ਜਾਣੁ ਮਾਸਾਣ ਜਗੰ ॥

निसा मावसी जाणु मासाण जगं ॥

nisaa maavasee jaan maasaan jaga(n) ||

ਡਕੀ ਡਾਕਣੀ ਡਾਮਰੂ ਡਉਰ ਡਕੰ ॥

डकी डाकणी डामरू डउर डकं ॥

ddakee ddaakanee ddaamaroo ddaur ddaka(n) ||

ਨਚੇ ਬੀਰ ਬੈਤਾਲ ਭੂਤੰ ਭਭਕੰ ॥੫੮॥੨੧੪॥

नचे बीर बैताल भूतं भभकं ॥५८॥२१४॥

nache beer baitaal bhoota(n) bhabhaka(n) ||58||214||


ਬੇਲੀ ਬਿਦ੍ਰਮ ਛੰਦ ॥

बेली बिद्रम छंद ॥

belee bidhram chha(n)dh ||


ਸਰਬ ਸਸਤ੍ਰੁ ਆਵਤ ਭੇ ਜਿਤੇ ॥

सरब ससत्रु आवत भे जिते ॥

sarab sasatr aavat bhe jite ||

ਸਭ ਕਾਟਿ ਦੀਨ ਦ੍ਰੁਗਾ ਤਿਤੇ ॥

सभ काटि दीन द्रुगा तिते ॥

sabh kaaT dheen dhrugaa tite ||

ਅਰਿ ਅਉਰ ਜੇਤਿਕੁ ਡਾਰੀਅੰ ॥

अरि अउर जेतिकु डारीअं ॥

ar aaur jetik ddaareea(n) ||

ਤੇਉ ਕਾਟਿ ਭੂਮਿ ਉਤਾਰੀਅੰ ॥੫੯॥੨੧੫॥

तेउ काटि भूमि उतारीअं ॥५९॥२१५॥

teau kaaT bhoom utaareea(n) ||59||215||


ਸਰ ਆਪ ਕਾਲੀ ਛੰਡੀਅੰ ॥

सर आप काली छंडीअं ॥

sar aap kaalee chha(n)ddeea(n) ||

ਸਰਬਾਸਤ੍ਰ ਸਤ੍ਰ ਬਿਹੰਡੀਅੰ ॥

सरबासत्र सत्र बिहंडीअं ॥

sarabaasatr satr biha(n)ddeea(n) ||

ਸਸਤ੍ਰ ਹੀਨ ਜਬੈ ਨਿਹਾਰਿਯੋ ॥

ससत्र हीन जबै निहारियो ॥

sasatr heen jabai nihaariyo ||

ਜੈ ਸਬਦ ਦੇਵਨ ਉਚਾਰਿਯੋ ॥੬੦॥੨੧੬॥

जै सबद देवन उचारियो ॥६०॥२१६॥

jai sabadh dhevan uchaariyo ||60||216||


ਨਭਿ ਮਧਿ ਬਾਜਨ ਬਾਜਹੀ ॥

नभि मधि बाजन बाजही ॥

nabh madh baajan baajahee ||

ਅਵਿਲੋਕਿ ਦੇਵਾ ਗਾਜਹੀ ॥

अविलोकि देवा गाजही ॥

avilok dhevaa gaajahee ||

ਲਖਿ ਦੇਵ ਬਾਰੰ ਬਾਰਹੀ ॥

लखि देव बारं बारही ॥

lakh dhev baara(n) baarahee ||

ਜੈ ਸਬਦ ਸਰਬ ਪੁਕਾਰਹੀ ॥੬੧॥੨੧੭॥

जै सबद सरब पुकारही ॥६१॥२१७॥

jai sabadh sarab pukaarahee ||61||217||


ਰਣਿ ਕੋਪਿ ਕਾਲ ਕਰਾਲੀਯੰ ॥

रणि कोपि काल करालीयं ॥

ran kop kaal karaaleeya(n) ||

ਖਟ ਅੰਗ ਪਾਣਿ ਉਛਾਲੀਯੰ ॥

खट अंग पाणि उछालीयं ॥

khaT a(n)g paan uchhaaleeya(n) ||

ਸਿਰਿ ਸੁੰਭ ਹਥ ਦੁਛੰਡੀਯੰ ॥

सिरि सुँभ हथ दुछंडीयं ॥

sir su(n)bh hath dhuchha(n)ddeeya(n) ||

ਇਕ ਚੋਟਿ ਦੁਸਟ ਬਿਹੰਡੀਯੰ ॥੬੨॥੨੧੮॥

इक चोटि दुसट बिहंडीयं ॥६२॥२१८॥

eik choT dhusaT biha(n)ddeeya(n) ||62||218||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਜਿਮ ਸੁੰਭਾਸੁਰ ਕੋ ਹਨਾ ਅਧਿਕ ਕੋਪ ਕੈ ਕਾਲਿ ॥

जिम सुँभासुर को हना अधिक कोप कै कालि ॥

jim su(n)bhaasur ko hanaa adhik kop kai kaal ||

ਤ੍ਰਯੋ ਸਾਧਨ ਕੇ ਸਤ੍ਰੁ ਸਭ ਚਾਬਤ ਜਾਹ ਕਰਾਲ ॥੬੩॥੨੧੯॥

त्रयो साधन के सत्रु सभ चाबत जाह कराल ॥६३॥२१९॥

trayo saadhan ke satr sabh chaabat jaeh karaal ||63||219||


ਇਤਿ ਸ੍ਰੀ ਬਚਿਤ੍ਰ ਨਾਟਕੇ ਚੰਡੀ ਚਰਿਤ੍ਰੇ ਸੁੰਭ ਬਧਹ ਖਸਟਮੋ ਧਿਆਯ ਸੰਪੂਰਨਮ ਸਤੁ ਸੁਭਮ ਸਤੁ ॥੬॥

इति स्री बचित्र नाटके चंडी चरित्रे सुँभ बधह खसटमो धिआय संपूरनम सतु सुभम सतु ॥६॥

eit sree bachitr naaTake cha(n)ddee charitre su(n)bh badheh khasaTamo dhiaay sa(n)pooranam sat subham sat ||6||



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