Pt 11, Bachitar Natak (P:10),
ਬਚਿਤ੍ਰ ਨਾਟਕ (ਪਾਤਿਸਾਹੀ 10),
बचित्र नाटक (पातिसाही 10)


200+ ਗੁਰਬਾਣੀ (ਪੰਜਾਬੀ) 200+ गुरबाणी (हिंदी) 200+ Gurbani (Eng) Sundar Gutka Sahib (Download PDF) Daily Updates


Bani LangMeanings
ਪੰਜਾਬੀ ---
हिंदी ---
English ---
---

ਹੁਸੈਨੀ ਜੁੱਧ ਕਥਨੰ ॥

हुसैनी जुद्ध कथनं ॥

husainee ju'dh kathana(n) ||


ਭੁਜੰਗ ਪ੍ਰਯਾਤ ਛੰਦ ॥

भुजंग प्रयात छंद ॥

bhuja(n)g prayaat chha(n)dh ||


ਗਯੋ ਖਾਨਜਾਦਾ ਪਿਤਾ ਪਾਸ ਭੱਜੰ ॥

गयो खानजादा पिता पास भज्जं ॥

gayo khaanajaadhaa pitaa paas bha'ja(n) ||

ਸਕੈ ਜ੍ਵਾਬੁ ਦੈ ਨ ਹਨੇ ਸੂਰ ਲਜੰ ॥

सकै ज्वाबु दै न हने सूर लजं ॥

sakai javaiaab dhai na hane soor laja(n) ||

ਤਹਾ ਠੋਕ ਬਾਹਾਂ ਹੁਸੈਨੀ ਗਰੱਜਿਯੰ ॥

तहा ठोक बाहाँ हुसैनी गरज्जियं ॥

tahaa Thok baahaa(n) husainee gara'jiya(n) ||

ਸੂਰ ਲੈ ਕੈ ਸਿਲਾ ਸਾਜ ਸਜਿਯੰ ॥੧॥

सूर लै कै सिला साज सजियं ॥१॥

soor lai kai silaa saaj sajiya(n) ||1||


ਕਰਿਯੋ ਜੋਰ ਸੈਨੰ ਹੁਸੈਨੀ ਪਯਾਨੰ ॥

करियो जोर सैनं हुसैनी पयानं ॥

kariyo jor saina(n) husainee payaana(n) ||

ਪ੍ਰਥਮ ਕੂਟਿ ਕੈ ਲੂਟ ਲੀਨੇ ਅਵਾਨੰ ॥

प्रथम कूटि कै लूट लीने अवानं ॥

pratham kooT kai looT leene avaana(n) ||

ਪੁਨਰ ਡਢਵਾਲੰ ਕੀਯੋ ਜੀਤਿ ਜੇਰੰ ॥

पुनर डढवालं कीयो जीति जेरं ॥

punar ddaddavaala(n) keeyo jeet jera(n) ||

ਕਰੇ ਬੰਦਿ ਕੈ ਰਾਜ ਪੁਤ੍ਰਾਨ ਚੇਰੰ ॥੨॥

करे बंदि कै राज पुत्रान चेरं ॥२॥

kare ba(n)dh kai raaj putraan chera(n) ||2||


ਪੁਨਰਿ ਦੂਨਿ ਕੋ ਲੂਟ ਲੀਨੋ ਸੁਧਾਰੰ ॥

पुनरि दूनि को लूट लीनो सुधारं ॥

punar dhoon ko looT leeno sudhaara(n) ||

ਕੋਈ ਸਾਮੁਹੇ ਹ੍ਵੈ ਸਕਿਯੋ ਨ ਗਵਾਰੰ ॥

कोई सामुहे ह्वै सकियो न गवारं ॥

koiee saamuhe havai sakiyo na gavaara(n) ||

ਲੀਯੋ ਛੀਨ ਅੰਨੰ ਦਲੰ ਬਾਂਟਿ ਦੀਯੰ ॥

लीयो छीन अंनं दलं बाँटि दीयं ॥

leeyo chheen a(n)na(n) dhala(n) baa(n)T dheeya(n) ||

ਮਹਾ ਮੂੜਿਯੰ ਕੁਤਸਤੰ ਕਾਜ ਕੀਯੰ ॥੩॥

महा मूड़ियं कुतसतं काज कीयं ॥३॥

mahaa mooRiya(n) kutasata(n) kaaj keeya(n) ||3||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਕਿਤਕ ਦਿਵਸ ਬੀਤਤ ਭਏ ਕਰਤ ਉਸੈ ਉਤਪਾਤ ॥

कितक दिवस बीतत भए करत उसै उतपात ॥

kitak dhivas beetat bhe karat usai utapaat ||

ਗੁਆਲੇਰੀਅਨ ਕੀ ਪਰਤ ਭੀ ਆਨ ਮਿਲਨ ਕੀ ਬਾਤ ॥੪॥

गुआलेरीअन की परत भी आन मिलन की बात ॥४॥

guaalereean kee parat bhee aan milan kee baat ||4||


ਜੌ ਦਿਨ ਦੁਇਕ ਨ ਵੇ ਮਿਲਤ ਤਬ ਆਵਤ ਅਰਰਾਇ ॥

जौ दिन दुइक न वे मिलत तब आवत अरराइ ॥

jau dhin dhuik na ve milat tab aavat ararai ||

ਕਾਲਿ ਤਿਨੂ ਕੇ ਘਰ ਬਿਖੈ ਡਾਰੀ ਕਲਹ ਬਨਾਇ ॥੫॥

कालि तिनू के घर बिखै डारी कलह बनाइ ॥५॥

kaal tinoo ke ghar bikhai ddaaree kaleh banai ||5||


ਚੌਪਈ ॥

चौपई ॥

chauapiee ||

ਗੁਆਲੇਰੀਆ ਮਿਲਨ ਕਹੁ ਆਏ ॥

गुआलेरीआ मिलन कहु आए ॥

guaalereeaa milan kahu aae ||

ਰਾਮ ਸਿੰਘ ਭੀ ਸੰਗਿ ਸਿਧਾਏ ॥

राम सिंघ भी संगि सिधाए ॥

raam si(n)gh bhee sa(n)g sidhaae ||

ਚਤਰਥ ਆਨ ਮਿਲਤ ਭਏ ਜਾਮੰ ॥

चतरथ आन मिलत भए जामं ॥

chatarath aan milat bhe jaama(n) ||

ਫੂਟਿ ਗਈ ਲਖਿ ਨਜਰਿ ਗੁਲਾਮੰ ॥੬॥

फूटि गई लखि नजरि गुलामं ॥६॥

fooT giee lakh najar gulaama(n) ||6||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਜੈਸੇ ਰਵਿ ਕੇ ਤੇਜ ਤੇ ਰੇਤ ਅਧਿਕ ਤਪਤਾਇ ॥

जैसे रवि के तेज ते रेत अधिक तपताइ ॥

jaise rav ke tej te ret adhik tapatai ||

ਰਵਿ ਬਲਿ ਛੁਦ੍ਰ ਨ ਜਾਨਈ ਆਪਨ ਹੀ ਗਰਬਾਇ ॥੭॥

रवि बलि छुद्र न जानई आपन ही गरबाइ ॥७॥

rav bal chhudhr na jaaniee aapan hee garabai ||7||


ਚੌਪਈ ॥

चौपई ॥

chauapiee ||

ਤੈਸੇ ਹੀ ਫੂਲ ਗੁਲਾਮ ਜਾਤ ਭਯੋ ॥

तैसे ही फूल गुलाम जात भयो ॥

taise hee fool gulaam jaat bhayo ||

ਤਿਨੈ ਨ ਦ੍ਰਿਸਟ ਤਰੇ ਆਨਤ ਭਯੋ ॥

तिनै न दृसट तरे आनत भयो ॥

tinai na dhirasaT tare aanat bhayo ||

ਕਹਲੂਰੀਆ ਕਟੋਚ ਸੰਗਿ ਲਹਿ ॥

कहलूरीआ कटोच संगि लहि ॥

kahalooreeaa kaToch sa(n)g leh ||

ਜਾਨਾ ਆਨ ਨ ਮੋ ਸਰ ਮਹਿ ਮਹਿ ॥੮॥

जाना आन न मो सर महि महि ॥८॥

jaanaa aan na mo sar meh meh ||8||


ਤਿਨ ਜੋ ਧਨ ਆਨੋ ਸੋ ਸਾਥਾ ॥

तिन जो धन आनो सो साथा ॥

tin jo dhan aano so saathaa ||

ਤੇ ਦੇ ਰਹੇ ਹੁਸੈਨੀ ਹਾਥਾ ॥

ते दे रहे हुसैनी हाथा ॥

te dhe rahe husainee haathaa ||

ਦੇਤ ਲੇਤ ਆਪਨ ਕੁਰਰਾਨੇ ॥

देत लेत आपन कुरराने ॥

dhet let aapan kuraraane ||

ਤੇ ਧਨਿ ਲੈ ਨਿਜਿ ਧਾਮ ਸਿਧਾਨੇ ॥੯॥

ते धनि लै निजि धाम सिधाने ॥९॥

te dhan lai nij dhaam sidhaane ||9||


ਚੇਰੋ ਤਬੈ ਤੇਜ ਤਨ ਤਯੋ ॥

चेरो तबै तेज तन तयो ॥

chero tabai tej tan tayo ||

ਭਲਾ ਬੁਰਾ ਕਛੁ ਲਖਤ ਨ ਭਯੋ ॥

भला बुरा कछु लखत न भयो ॥

bhalaa buraa kachh lakhat na bhayo ||

ਛੰਦ ਬੰਦ ਨਹ ਨੈਕੁ ਬਿਚਾਰਾ ॥

छंद बंद नह नैकु बिचारा ॥

chha(n)dh ba(n)dh neh naik bichaaraa ||

ਜਾਤ ਭਯੋ ਦੇ ਤਬਹਿ ਨਗਾਰਾ ॥੧੦॥

जात भयो दे तबहि नगारा ॥१०॥

jaat bhayo dhe tabeh nagaaraa ||10||


ਦਾਵ ਘਾਵ ਤਿਨ ਨੈਕੁ ਨ ਕਰਾ ॥

दाव घाव तिन नैकु न करा ॥

dhaav ghaav tin naik na karaa ||

ਸਿੰਘਹਿ ਘੇਰਿ ਸਸਾ ਕਹੁ ਡਰਾ ॥

सिंघहि घेरि ससा कहु डरा ॥

si(n)gheh gher sasaa kahu ddaraa ||

ਪੰਦ੍ਰਹ ਪਹਿਰ ਗਿਰਦ ਤਿਨ ਕੀਯੋ ॥

पंद्रह पहिर गिरद तिन कीयो ॥

pa(n)dhreh pahir giradh tin keeyo ||

ਖਾਨ ਪਾਨ ਤਿਨ ਜਾਨ ਨ ਦੀਯੋ ॥੧੧॥

खान पान तिन जान न दीयो ॥११॥

khaan paan tin jaan na dheeyo ||11||


ਖਾਨ ਪਾਨ ਬਿਨ ਸੂਰਿ ਰਿਸਾਏ ॥

खान पान बिन सूरि रिसाए ॥

khaan paan bin soor risaae ||

ਸਾਮ ਕਰਨ ਹਿਤ ਦੂਤ ਪਠਾਏ ॥

साम करन हित दूत पठाए ॥

saam karan hit dhoot paThaae ||

ਦਾਸ ਨਿਰਖ ਸੰਗਿ ਸੈਨ ਪਠਾਨੀ ॥

दास निरख संगि सैन पठानी ॥

dhaas nirakh sa(n)g sain paThaanee ||

ਫੂਲਿ ਗਯੋ ਤਿਨ ਕੀ ਨਹੀਂ ਮਾਨੀ ॥੧੨॥

फूलि गयो तिन की नहीं मानी ॥१२॥

fool gayo tin kee nahee(n) maanee ||12||


ਦਸ ਸਹੰਸ੍ਰ ਅਬ ਹੀ ਕੈ ਦੈਹੂ ॥

दस सहंस्र अब ही कै दैहू ॥

dhas saha(n)sr ab hee kai dhaihoo ||

ਨਾ ਤਰ ਮੀਚ ਮੂੰਡ ਪਰ ਲੈਹੂ ॥

ना तर मीच मूँड पर लैहू ॥

naa tar meech moo(n)dd par laihoo ||

ਸਿੰਘ ਸੰਗਤੀਆ ਤਹਾ ਪਠਾਏ ॥

सिंघ संगतीआ तहा पठाए ॥

si(n)gh sa(n)gateeaa tahaa paThaae ||

ਗੋਪਾਲੈ ਸੁ ਧਰਮੁ ਦੇ ਲਿਆਏ ॥੧੩॥

गोपालै सु धरमु दे लिआए ॥१३॥

gopaalai su dharam dhe liaae ||13||


ਤਿਨ ਕੈ ਸੰਗਿ ਨ ਉਨ ਕੀ ਬਨੀ ॥

तिन कै संगि न उन की बनी ॥

tin kai sa(n)g na un kee banee ||

ਤਬ ਕ੍ਰਿਪਾਲ ਚਿਤ ਮੋ ਇਹ ਗਨੀ ॥

तब कृपाल चित मो इह गनी ॥

tab kirapaal chit mo ieh ganee ||

ਐਸਿ ਘਾਤਿ ਫਿਰ ਹਾਥ ਨ ਐਹੈ ॥

ऐसि घाति फिर हाथ न ऐहै ॥

aais ghaat fir haath na aaihai ||

ਸਬਹੂੰ ਫੇਰ ਸਮੋ ਛਲਿ ਜੈਹੈ ॥੧੪॥

सबहूँ फेर समो छलि जैहै ॥१४॥

sabahoo(n) fer samo chhal jaihai ||14||


ਗੋਪਾਲੈ ਸੁ ਅਬੈ ਗਹਿ ਲੀਜੈ ॥

गोपालै सु अबै गहि लीजै ॥

gopaalai su abai geh leejai ||

ਕੈਦ ਕੀਜੀਐ ਕੈ ਬਧ ਕੀਜੈ ॥

कैद कीजीऐ कै बध कीजै ॥

kaidh keejeeaai kai badh keejai ||

ਤਨਕ ਭਨਕ ਜਬ ਤਿਨ ਸੁਨ ਪਾਈ ॥

तनक भनक जब तिन सुन पाई ॥

tanak bhanak jab tin sun paiee ||

ਨਿਜ ਦਲ ਜਾਤ ਭਯੋ ਭਟਰਾਈ ॥੧੫॥

निज दल जात भयो भटराई ॥१५॥

nij dhal jaat bhayo bhaTaraiee ||15||


ਮਧੁਭਾਰ ਛੰਦ ॥

मधुभार छंद ॥

madhubhaar chha(n)dh ||


ਜਬ ਗਯੋ ਗੁਪਾਲ ॥

जब गयो गुपाल ॥

jab gayo gupaal ||

ਕੱੁਪਿਯੋ ਕ੍ਰਿਪਾਲ ॥

कु्ुपियो कृपाल ॥

ka'upiyo kirapaal ||

ਹਿੰਮਤ ਹੁਸੈਨ ॥

हिंमत हुसैन ॥

hi(n)mat husain ||

ਜੁੰਮੈ ਲੁਝੈਨ ॥੧੬॥

जुँमै लुझैन ॥१६॥

ju(n)mai lujhain ||16||


ਕਰਿ ਕੇ ਗੁਮਾਨ ॥

करि के गुमान ॥

kar ke gumaan ||

ਜੁੰਮੈ ਜੁਆਨ ॥

जुँमै जुआन ॥

ju(n)mai juaan ||

ਬੱਜੇ ਤੱਬਲ ॥

बज्जे तब्बल ॥

ba'je ta'bal ||

ਦੁੰਦਭਿ ਦੱਬਲ ॥੧੭॥

दुँदभि दब्बल ॥१७॥

dhu(n)dhabh dha'bal ||17||


ਬੱਜੇ ਨਿਸਾਣ ॥

बज्जे निसाण ॥

ba'je nisaan ||

ਨੱਚੇ ਕਿਕਾਣ ॥

नच्चे किकाण ॥

na'che kikaan ||

ਬਾਹੈ ਤੜਾਕ ॥

बाहै तड़ाक ॥

baahai taRaak ||

ਉੱਠੈ ਕੜਾਕ ॥੧੮॥

उट्ठै कड़ाक ॥१८॥

au'Thai kaRaak ||18||


ਬੱਜੇ ਨਿਸੰਗ ॥

बज्जे निसंग ॥

ba'je nisa(n)g ||

ਗੱਜੇ ਨਿਹੰਗ ॥

गज्जे निहंग ॥

ga'je niha(n)g ||

ਛੁੱਟੈ ਕ੍ਰਿਪਾਨ ॥

छुट्टै कृपान ॥

chhu'Tai kirapaan ||

ਲਿੱਟੈ ਜੁਆਨ ॥੧੯॥

लिट्टै जुआन ॥१९॥

li'Tai juaan ||19||


ਤੁੱਪਕ ਤੜਾਕ ॥

तुप्पक तड़ाक ॥

tu'pak taRaak ||

ਕੈਬਰ ਕੜਾਕ ॥

कैबर कड़ाक ॥

kaibar kaRaak ||

ਸੈਹਥੀ ਸੜਾਕ ॥

सैहथी सड़ाक ॥

saihathee saRaak ||

ਛੌਹੀ ਛੜਾਕ ॥੨੦॥

छौही छड़ाक ॥२०॥

chhauahee chhaRaak ||20||


ਗੱਜੇ ਸੁ ਬੀਰ ॥

गज्जे सु बीर ॥

ga'je su beer ||

ਬੱਜੇ ਗਹੀਰ ॥

बज्जे गहीर ॥

ba'je gaheer ||

ਬਿਚਰੇ ਨਿਹੰਗ ॥

बिचरे निहंग ॥

bichare niha(n)g ||

ਜੈਸੇ ਪਲੰਗ ॥੨੧॥

जैसे पलंग ॥२१॥

jaise pala(n)g ||21||


ਹੁੰਕੇ ਕਿਕਾਣ ॥

हुँके किकाण ॥

hu(n)ke kikaan ||

ਧੁੰਕੇ ਨਿਸਾਣ ॥

धुँके निसाण ॥

dhu(n)ke nisaan ||

ਬਾਹੈ ਤੜਾਕ ॥

बाहै तड़ाक ॥

baahai taRaak ||

ਝੱਲੈ ਝੜਾਕ ॥੨੨॥

झल्लै झड़ाक ॥२२॥

jha'lai jhaRaak ||22||


ਜੱੁਝੇ ਨਿਹੰਗ ॥

जु्ुझे निहंग ॥

ja'ujhe niha(n)g ||

ਲਿੱਟੇ ਮਲੰਗ ॥

लिट्टे मलंग ॥

li'Te mala(n)g ||

ਖੁਲ੍ਹੇ ਕਿਸਾਰ ॥

खुल्हे किसार ॥

khulhe kisaar ||

ਜਨੁ ਜਟਾਧਾਰ ॥੨੩॥

जनु जटाधार ॥२३॥

jan jaTaadhaar ||23||


ਸਜੇ ਰਜਿੰਦ੍ਰ ॥

सजे रजिंद्र ॥

saje raji(n)dhr ||

ਗਜੇ ਗਜਿੰਦ੍ਰ ॥

गजे गजिंद्र ॥

gaje gaji(n)dhr ||

ਉੱਤਰੇ ਖਾਨ ॥

उत्तरे खान ॥

au'tare khaan ||

ਲੈ ਲੈ ਕਮਾਨ ॥੨੪॥

लै लै कमान ॥२४॥

lai lai kamaan ||24||


ਤ੍ਰਿਭੰਗੀ ਛੰਦ ॥

तृभंगी छंद ॥

tirabha(n)gee chha(n)dh ||


ਕੁਪਿਯੋ ਕ੍ਰਿਪਾਲੰ ਸੱਜਿ ਮਰਾਲੰ ਬਾਹ ਬਿਸਾਲੰ ਧਰਿ ਢਾਲੰ ॥

कुपियो कृपालं सज्जि मरालं बाह बिसालं धरि ढालं ॥

kupiyo kirapaala(n) sa'j maraala(n) baeh bisaala(n) dhar ddaala(n) ||

ਧਾਏ ਸਭ ਸੂਰੰ ਰੂਪ ਕਰੂਰੰ ਚਮਕਤ ਨੂਰੰ ਮੁਖ ਲਾਲੰ ॥

धाए सभ सूरं रूप करूरं चमकत नूरं मुख लालं ॥

dhaae sabh soora(n) roop karoora(n) chamakat noora(n) mukh laala(n) ||

ਲੈ ਲੈ ਸੁ ਕ੍ਰਿਪਾਨੰ ਬਾਣ ਕਮਾਣੰ ਸਜੇ ਜੁਆਨੰ ਤਨ ਤੱਤੰ ॥

लै लै सु कृपानं बाण कमाणं सजे जुआनं तन तत्तं ॥

lai lai su kirapaana(n) baan kamaana(n) saje juaana(n) tan ta'ta(n) ||

ਰਣਿ ਰੰਗ ਕਲੋਲੰ ਮਾਰਹੀ ਬੋਲੰ ਜਨ ਗਜ ਡੋਲੰ ਬਨ ਮਤੰ ॥੨੫॥

रणि रंग कलोलं मारही बोलं जन गज डोलं बन मतं ॥२५॥

ran ra(n)g kalola(n) maarahee bola(n) jan gaj ddola(n) ban mata(n) ||25||


ਭੁਯੰਗ ਛੰਦ ॥

भुयंग छंद ॥

bhuya(n)g chha(n)dh ||


ਤਬੈ ਕੋਪੀਯੰ ਕਾਂਗੜੇਸੰ ਕਟੋਚੰ ॥

तबै कोपीयं काँगड़ेसं कटोचं ॥

tabai kopeeya(n) kaa(n)gaResa(n) kaTocha(n) ||

ਮੁਖੰ ਰਕਤ ਨੈਨੰ ਤਜੇ ਸਰਬ ਸੋਚੰ ॥

मुखं रकत नैनं तजे सरब सोचं ॥

mukha(n) rakat naina(n) taje sarab socha(n) ||

ਉਤੇ ਉੱਠੀਯੰ ਖਾਨ ਖੇਤੰ ਖਤੰਗੰ ॥

उते उट्ठीयं खान खेतं खतंगं ॥

aute u'Theeya(n) khaan kheta(n) khata(n)ga(n) ||

ਮਨੋ ਬਿਹਚਰੈ ਮਾਸ ਹੇਤੰ ਪਿਲੰਗੰ ॥੨੬॥

मनो बिहचरै मास हेतं पिलंगं ॥२६॥

mano bihacharai maas heta(n) pila(n)ga(n) ||26||


ਬਜੀ ਭੇਰ ਭੁੰਕਾਰ ਤੀਰੰ ਤੱੜਕੇ ॥

बजी भेर भुँकार तीरं तड़्ड़के ॥

bajee bher bhu(n)kaar teera(n) ta'Rake ||

ਮਿਲੇ ਹੱਥਿ ਬੱਖੰ ਕ੍ਰਿਪਾਣੰ ਕੱੜਕੇ ॥

मिले हत्थि बक्खं कृपाणं कड़्ड़के ॥

mile ha'th ba'kha(n) kirapaana(n) ka'Rake ||

ਬਜੇ ਜੰਗ ਨੀਸਾਣ ਕੱਥੇ ਕਥੀਰੰ ॥

बजे जंग नीसाण कत्थे कथीरं ॥

baje ja(n)g neesaan ka'the katheera(n) ||

ਫਿਰੈ ਰੁੰਡ ਮੁੰਡੰ ਤਨੰ ਤੱਛ ਤੀਰੰ ॥੨੭॥

फिरै रुँड मुँडं तनं तच्छ तीरं ॥२७॥

firai ru(n)dd mu(n)dda(n) tana(n) ta'chh teera(n) ||27||


ਉਠੈ ਟੋਪ ਟੂਕੰ ਗੁਰਜੈ ਪ੍ਰਹਾਰੇ ॥

उठै टोप टूकं गुरजै प्रहारे ॥

auThai Top Tooka(n) gurajai prahaare ||

ਰੁਲੇ ਲੱੁਥ ਜੁੱਥੰ ਗਿਰੇ ਬੀਰ ਮਾਰੇ ॥

रुले लु्ुथ जुत्थं गिरे बीर मारे ॥

rule la'uth ju'tha(n) gire beer maare ||

ਪਰੈ ਕੱਤੀਯੰ ਘਾਤ ਨਿਰਘਾਤ ਬੀਰੰ ॥

परै कत्तीयं घात निरघात बीरं ॥

parai ka'teeya(n) ghaat niraghaat beera(n) ||

ਫਿਰੈ ਰੰੁਡ ਮੁੰਡੰ ਤਨੰ ਤੱਛ ਤੀਰੰ ॥੨੮॥

फिरै रंुड मुँडं तनं तच्छ तीरं ॥२८॥

firai ra(n)udd mu(n)dda(n) tana(n) ta'chh teera(n) ||28||


ਬਹੀ ਬਾਹੁ ਆਘਾਤ ਨਿਰਘਾਤ ਬਾਣੰ ॥

बही बाहु आघात निरघात बाणं ॥

bahee baahu aaghaat niraghaat baana(n) ||

ਉਠੇ ਨੱਦ ਨਾਦੰ ਕੱੜਕੇ ਕ੍ਰਿਪਾਣੰ ॥

उठे नद्द नादं कड़्ड़के कृपाणं ॥

auThe na'dh naadha(n) ka'Rake kirapaana(n) ||

ਛਕੇ ਛੋਭ ਛਤ੍ਰ ਤਜੈ ਬਾਣ ਰਾਜੀ ॥

छके छोभ छत्र तजै बाण राजी ॥

chhake chhobh chhatr tajai baan raajee ||

ਬਹੇ ਜਾਹਿ ਖਾਲੀ ਫਿਰੈ ਛੂਛ ਤਾਜੀ ॥੨੯॥

बहे जाहि खाली फिरै छूछ ताजी ॥२९॥

bahe jaeh khaalee firai chhoochh taajee ||29||


ਜੁਟੇ ਆਪ ਮੈ ਬੀਰ ਬੀਰੰ ਜੁਝਾਰੇ ॥

जुटे आप मै बीर बीरं जुझारे ॥

juTe aap mai beer beera(n) jujhaare ||

ਮਨੋ ਗੱਜ ਜੱੁਟੇ ਦੰਤਾਰੇ ਦੰਤਾਰੇ ॥

मनो गज्ज जु्ुटे दंतारे दंतारे ॥

mano ga'j ja'uTe dha(n)taare dha(n)taare ||

ਕਿਧੋ ਸਿੰਘ ਸੋ ਸਾਰਦੂਲੰ ਅਰੁੱਝੇ ॥

किधो सिंघ सो सारदूलं अरुज्झे ॥

kidho si(n)gh so saaradhoola(n) aru'jhe ||

ਤਿਸੀ ਭਾਂਤਿ ਕਿਰਪਾਲ ਗੋਪਾਲ ਜੁੱਝੇ ॥੩੦॥

तिसी भाँति किरपाल गोपाल जुज्झे ॥३०॥

tisee bhaa(n)t kirapaal gopaal ju'jhe ||30||


ਹਰੀ ਸਿੰਘ ਧਾਯੋ ਤਹਾਂ ਏਕ ਬੀਰੰ ॥

हरी सिंघ धायो तहाँ एक बीरं ॥

haree si(n)gh dhaayo tahaa(n) ek beera(n) ||

ਸਹੇ ਦੇਹ ਆਪੰ ਭਲੀ ਭਾਂਤਿ ਤੀਰੰ ॥

सहे देह आपं भली भाँति तीरं ॥

sahe dheh aapa(n) bhalee bhaa(n)t teera(n) ||

ਮਹਾਂ ਕੋਪ ਕੈ ਬੀਰ ਬ੍ਰਿੰਦੰ ਸੰਘਾਰੇ ॥

महाँ कोप कै बीर बृंदं संघारे ॥

mahaa(n) kop kai beer bira(n)dha(n) sa(n)ghaare ||

ਬਡੋ ਜੁਧ ਕੈ ਦੇਵ ਲੋਕੰ ਪਧਾਰੇ ॥੩੧॥

बडो जुध कै देव लोकं पधारे ॥३१॥

baddo judh kai dhev loka(n) padhaare ||31||


ਹਠਿਯੋ ਹਿੰਮਤੰ ਕਿੰਮਤੰ ਲੈ ਕ੍ਰਿਪਾਨੰ ॥

हठियो हिंमतं किंमतं लै कृपानं ॥

haThiyo hi(n)mata(n) ki(n)mata(n) lai kirapaana(n) ||

ਲਏ ਗੁਰਜ ਚੱਲੰ ਸੁ ਜਲਾਲਖਾਨੰ ॥

लए गुरज चल्लं सु जलालखानं ॥

le guraj cha'la(n) su jalaalakhaana(n) ||

ਹਠੇ ਸੂਰਮਾ ਮੱਤ ਜੋਧਾ ਜੁਝਾਰੰ ॥

हठे सूरमा मत्त जोधा जुझारं ॥

haThe sooramaa ma't jodhaa jujhaara(n) ||

ਪਰੀ ਕੁੱਟ ਕੱੁਟੰ ਉਠੀ ਸਸਤ੍ਰ ਝਾਰੰ ॥੩੨॥

परी कुट्ट कु्ुटं उठी ससत्र झारं ॥३२॥

paree ku'T ka'uTa(n) uThee sasatr jhaara(n) ||32||


ਰਸਾਵਲ ਛੰਦ ॥

रसावल छंद ॥

rasaaval chha(n)dh ||


ਜਸੰਵਾਲ ਧਾਏ ॥

जसंवाल धाए ॥

jasa(n)vaal dhaae ||

ਤੁਰੰਗੰ ਨਚਾਏ ॥

तुरंगं नचाए ॥

tura(n)ga(n) nachaae ||

ਲਯੋ ਘੇਰ ਹੁਸੈਨੀ ॥

लयो घेर हुसैनी ॥

layo gher husainee ||

ਹਨਿਯੋ ਸਾਂਗ ਪੈਨੀ ॥੩੩॥

हनियो साँग पैनी ॥३३॥

haniyo saa(n)g painee ||33||


ਤਿਨੂ ਬਾਣ ਬਾਹੇ ॥

तिनू बाण बाहे ॥

tinoo baan baahe ||

ਬਡੇ ਸੈਨ ਗਾਹੇ ॥

बडे सैन गाहे ॥

badde sain gaahe ||

ਜਿਸੈ ਅੰਗਿ ਲਾਗਿਯੋ ॥

जिसै अंगि लागियो ॥

jisai a(n)g laagiyo ||

ਤਿਸੈ ਪ੍ਰਾਣ ਤਯਾਗਯੋ ॥੩੪॥

तिसै प्राण तयागयो ॥३४॥

tisai praan tayaagayo ||34||


ਜਬੈ ਘਾਵ ਲਾਗਯੋ ॥

जबै घाव लागयो ॥

jabai ghaav laagayo ||

ਤਬੈ ਕੋਪ ਜਾਗਯੋ ॥

तबै कोप जागयो ॥

tabai kop jaagayo ||

ਸੰਭਾਰੀ ਕਮਾਣੰ ॥

संभारी कमाणं ॥

sa(n)bhaaree kamaana(n) ||

ਹਣੇ ਬੀਰ ਬਾਣੰ ॥੩੫॥

हणे बीर बाणं ॥३५॥

hane beer baana(n) ||35||


ਚਹੂੰ ਓਰ ਢੂਕੇ ॥

चहूँ ओर ढूके ॥

chahoo(n) or ddooke ||

ਮੁਖੰ ਮਾਰ ਕੂਕੇ ॥

मुखं मार कूके ॥

mukha(n) maar kooke ||

ਨ੍ਰਿਭੈ ਸਸਤ੍ਰ ਬਾਹੈਂ ॥

नृभै ससत्र बाहैं ॥

nirabhai sasatr baahai(n) ||

ਦੋਊ ਜੀਤ ਚਾਹੈਂ ॥੩੬॥

दोऊ जीत चाहैं ॥३६॥

dhouoo jeet chaahai(n) ||36||


ਰਿਸੇ ਖਾਨਜਾਦੇ ॥

रिसे खानजादे ॥

rise khaanajaadhe ||

ਮਹਾ ਮੱਦ ਮਾਦੇ ॥

महा मद्द मादे ॥

mahaa ma'dh maadhe ||

ਮਹਾ ਬਾਣ ਬਰਖੇ ॥

महा बाण बरखे ॥

mahaa baan barakhe ||

ਸਭੈ ਸੂਰ ਹਰਖੇ ॥੩੭॥

सभै सूर हरखे ॥३७॥

sabhai soor harakhe ||37||


ਕਰੈ ਬਾਣ ਅਰਚਾ ॥

करै बाण अरचा ॥

karai baan arachaa ||

ਧਨੁਰ ਬੇਦ ਚਰਚਾ ॥

धनुर बेद चरचा ॥

dhanur bedh charachaa ||

ਸੁ ਸਾਗੰ ਸਮ੍ਹਾਲੰ ॥

सु सागं सम्हालं ॥

s saaga(n) samhaala(n) ||

ਕਰੈ ਤਉਨ ਠਾਮੰ ॥੩੮॥

करै तउन ठामं ॥३८॥

karai taun Thaama(n) ||38||


ਬਲੀ ਬੀਰ ਰੁੱਝੇ ॥

बली बीर रुज्झे ॥

balee beer ru'jhe ||

ਸਮੂਹ ਸਸਤ੍ਰ ਜੁੱਝੇ ॥

समूह ससत्र जुज्झे ॥

samooh sasatr ju'jhe ||

ਲਗੈ ਧੀਰ ਧੱਕੇ ॥

लगै धीर धक्के ॥

lagai dheer dha'ke ||

ਕ੍ਰਿਪਾਣੰ ਝਨੱਕੇ ॥੩੯॥

कृपाणं झनक्के ॥३९॥

kirapaana(n) jhana'ke ||39||


ਕੱੜਕੈ ਕਮਾਣੰ ॥

कड़्ड़कै कमाणं ॥

ka'Rakai kamaana(n) ||

ਝਣੱਕੈ ਕ੍ਰਿਪਾਣੰ ॥

झणक्कै कृपाणं ॥

jhana'kai kirapaana(n) ||

ਕੜੰਕਾਰ ਛੱੁਟੈ ॥

कड़ंकार छु्ुटै ॥

kaRa(n)kaar chha'uTai ||

ਝਣੰਕਾਰ ਉੱਠੈ ॥੪੦॥

झणंकार उट्ठै ॥४०॥

jhana(n)kaar u'Thai ||40||


ਹਠੀ ਸਸਤ੍ਰ ਝਾਰੈ ॥

हठी ससत्र झारै ॥

haThee sasatr jhaarai ||

ਨ ਸੰਕਾ ਬਿਚਾਰੈ ॥

न संका बिचारै ॥

n sa(n)kaa bichaarai ||

ਕਰੈ ਤੀਰ ਮਾਰੰ ॥

करै तीर मारं ॥

karai teer maara(n) ||

ਫਿਰੈ ਲੋਹ ਧਾਰੰ ॥੪੧॥

फिरै लोह धारं ॥४१॥

firai loh dhaara(n) ||41||


ਨਦੀ ਸ੍ਰੌਣ ਪੂਰੰ ॥

नदी स्रौण पूरं ॥

nadhee srauan poora(n) ||

ਫਿਰੈ ਗੈਣ ਹੂਰੰ ॥

फिरै गैण हूरं ॥

firai gain hoora(n) ||

ਉਭੇ ਖੇਤ ਪਾਲੰ ॥

उभे खेत पालं ॥

aubhe khet paala(n) ||

ਬਕੇ ਬਿੱਕਰਾਲੰ ॥੪੨॥

बके बिक्करालं ॥४२॥

bake bi'karaala(n) ||42||


ਪਾਧੜੀ ਛੰਦ ॥

पाधड़ी छंद ॥

paadhaRee chha(n)dh ||


ਤਹ ਹੜ ਹੜਾਇ ਹੱਸੇ ਮਸਾਣ ॥

तह हड़ हड़ाइ हस्से मसाण ॥

teh haR haRai ha'se masaan ||

ਲਿੱਟੇ ਗਜਿੰਦ੍ਰ ਛੱੁਟੇ ਕਿਕਾਣ ॥

लिट्टे गजिंद्र छु्ुटे किकाण ॥

li'Te gaji(n)dhr chha'uTe kikaan ||

ਜੁੱਟੇ ਸੁ ਬੀਰ ਤਹ ਕੜਕ ਜੰਗ ॥

जुट्टे सु बीर तह कड़क जंग ॥

ju'Te su beer teh kaRak ja(n)g ||

ਛੁੱਟੀ ਕ੍ਰਿਪਾਣ ਵੁਠੇ ਖਤੰਗ ॥੪੩॥

छुट्टी कृपाण वुठे खतंग ॥४३॥

chhu'Tee kirapaan vuThe khata(n)g ||43||


ਡਾਕਨਿ ਡਹਿਕ ਚਾਵਡਿ ਚਿਕਾਰ ॥

डाकनि डहिक चावडि चिकार ॥

ddaakan ddahik chaavadd chikaar ||

ਕਾਕੰ ਕਹੱਕਿ ਬੱਜੇ ਦੁਧਾਰ ॥

काकं कहक्कि बज्जे दुधार ॥

kaaka(n) kaha'k ba'je dhudhaar ||

ਖੋਲੰ ਖੜੱਕਿ ਤੁਪਕਿ ਤੜਾਕਿ ॥

खोलं खड़क्कि तुपकि तड़ाकि ॥

khola(n) khaRa'k tupak taRaak ||

ਸੈਥੰ ਸੜੱਕ ਧੱਕੰ ਧਹਾਕਿ ॥੪੪॥

सैथं सड़क्क धक्कं धहाकि ॥४४॥

saitha(n) saRa'k dha'ka(n) dhahaak ||44||


ਭੁਜੰਗ ਛੰਦ ॥

भुजंग छंद ॥

bhuja(n)g chha(n)dh ||


ਤਹਾ ਆਪ ਕੀਨੋ ਹੁਸੈਨੀ ਉਤਾਰੰ ॥

तहा आप कीनो हुसैनी उतारं ॥

tahaa aap keeno husainee utaara(n) ||

ਸਭੂ ਹਾਥ ਬਾਣੰ ਕਮਾਣੰ ਸੰਭਾਰੰ ॥

सभू हाथ बाणं कमाणं संभारं ॥

sabhoo haath baana(n) kamaana(n) sa(n)bhaara(n) ||

ਰੁਪੇ ਖਾਨਿ ਖੂਨੀ ਕਰੈ ਲਾਗ ਜੱੁਧੰ ॥

रुपे खानि खूनी करै लाग जु्ुधं ॥

rupe khaan khoonee karai laag ja'udha(n) ||

ਮੁਖੰ ਰਕਤ ਨੈਣੰ ਭਰੇ ਸੂਰ ਕ੍ਰੁੱਧੰ ॥੪੫॥

मुखं रकत नैणं भरे सूर क्रुद्धं ॥४५॥

mukha(n) rakat naina(n) bhare soor kru'dha(n) ||45||


ਜਗਿਯੋ ਜੰਗ ਜਾਲਮ ਸੁ ਜੋਧੰ ਜੁਝਾਰੰ ॥

जगियो जंग जालम सु जोधं जुझारं ॥

jagiyo ja(n)g jaalam su jodha(n) jujhaara(n) ||

ਬਹੇ ਬਾਣ ਬਾਂਕੇ ਬਰੱਛੀ ਦੁਧਾਰੰ ॥

बहे बाण बाँके बरच्छी दुधारं ॥

bahe baan baa(n)ke bara'chhee dhudhaara(n) ||

ਮਿਲੇ ਬੀਰ ਬੀਰੰ ਮਹਾਂ ਧੀਰ ਬੰਕੇ ॥

मिले बीर बीरं महाँ धीर बंके ॥

mile beer beera(n) mahaa(n) dheer ba(n)ke ||

ਧਕਾ ਧਕਿ ਸੈਥੰ ਕ੍ਰਿਪਾਨੰ ਝਨੰਕੇ ॥੪੬॥

धका धकि सैथं कृपानं झनंके ॥४६॥

dhakaa dhak saitha(n) kirapaana(n) jhana(n)ke ||46||


ਭਏ ਢੋਲ ਢੰਕਾਰ ਨਾਦੰ ਨਫੀਰੰ ॥

भए ढोल ढंकार नादं नफीरं ॥

bhe ddol dda(n)kaar naadha(n) nafeera(n) ||

ਉਠੈ ਬਾਹੁ ਆਘਾਤ ਗੱਜੈ ਸੁ ਬੀਰੰ ॥

उठै बाहु आघात गज्जै सु बीरं ॥

auThai baahu aaghaat ga'jai su beera(n) ||

ਨਵੰ ਨੱਦ ਨੀਸਾਨ ਬੱਜੇ ਅਪਾਰੰ ॥

नवं नद्द नीसान बज्जे अपारं ॥

nava(n) na'dh neesaan ba'je apaara(n) ||

ਰੁਲੇ ਤੱਛ ਮੁੱਛੰ ਉਠੀ ਸਸਤ੍ਰ ਝਾਰੰ ॥੪੭॥

रुले तच्छ मुच्छं उठी ससत्र झारं ॥४७॥

rule ta'chh mu'chha(n) uThee sasatr jhaara(n) ||47||


ਟਕਾ ਟੁੱਕ ਟੋਪੰ ਢਕਾ ਢੁੱਕ ਢਾਲੰ ॥

टका टुक्क टोपं ढका ढुक्क ढालं ॥

Takaa Tu'k Topa(n) ddakaa ddu'k ddaala(n) ||

ਮਹਾਂ ਬੀਰ ਬਾਨੈਤ ਬੰਕੇ ਬਿਕ੍ਰਾਲੰ ॥

महाँ बीर बानैत बंके बिक्रालं ॥

mahaa(n) beer baanait ba(n)ke bikraala(n) ||

ਨਚੇ ਬੀਰ ਬੈਤਾਲਯੰ ਭੂਤ ਪ੍ਰੇਤੰ ॥

नचे बीर बैतालयं भूत प्रेतं ॥

nache beer baitaalaya(n) bhoot preta(n) ||

ਨਚੀ ਡਾਕਿਣੀ ਜੋਗਣੀ ਉਰਧ ਹੇਤੰ ॥੪੮॥

नची डाकिणी जोगणी उरध हेतं ॥४८॥

nachee ddaakinee joganee uradh heta(n) ||48||


ਛੁਟੀ ਜੋਗ ਤਾਰੀ ਮਹਾਂ ਰੁਦ੍ਰ ਜਾਗੇ ॥

छुटी जोग तारी महाँ रुद्र जागे ॥

chhuTee jog taaree mahaa(n) rudhr jaage ||

ਡਗਿਯੋ ਧਿਆਨ ਬ੍ਰਹਮੰ ਸਭੈ ਸਿੱਧ ਭਾਗੇ ॥

डगियो धिआन ब्रहमं सभै सिद्ध भागे ॥

ddagiyo dhiaan brahama(n) sabhai si'dh bhaage ||

ਹਸੇ ਕਿੰਨਰੰ ਜੱਛ ਬਿੱਦਿਆ ਧਰੇਯੰ ॥

हसे किंनरं जच्छ बिद्दिआ धरेयं ॥

hase ki(n)nara(n) ja'chh bi'dhiaa dhareya(n) ||

ਨਚੀ ਅੱਛਰਾ ਪੱਛਰਾ ਚਾਰਣੇਯੰ ॥੪੯॥

नची अच्छरा पच्छरा चारणेयं ॥४९॥

nachee a'chharaa pa'chharaa chaaraneya(n) ||49||


ਪਰਿਓ ਘੋਰ ਜੱੁਧੰ ਸੁ ਸੈਨਾ ਪਰਾਨੀ ॥

परिओ घोर जु्ुधं सु सैना परानी ॥

pario ghor ja'udha(n) su sainaa paraanee ||

ਤਹਾਂ ਖਾਂ ਹੁਸੈਨੀ ਮੰਡਿਓ ਬੀਰ ਬਾਨੀ ॥

तहाँ खाँ हुसैनी मंडिओ बीर बानी ॥

tahaa(n) khaa(n) husainee ma(n)ddio beer baanee ||

ਉਤੈ ਬੀਰ ਧਾਏ ਸੁ ਬੀਰੰ ਜਸ੍ਵਾਰੰ ॥

उतै बीर धाए सु बीरं जस्वारं ॥

autai beer dhaae su beera(n) jasavaiaara(n) ||

ਸਬੈ ਬਿਉਤ ਡਾਰੇ ਬਗਾ ਸੇ ਅਸ੍ਵਾਰੰ ॥੫੦॥

सबै बिउत डारे बगा से अस्वारं ॥५०॥

sabai biaut ddaare bagaa se asavaiaara(n) ||50||


ਤਹਾਂ ਖਾਂ ਹੁਸੈਨੀ ਰਹਿਓ ਏਕ ਠਾਢੰ ॥

तहाँ खाँ हुसैनी रहिओ एक ठाढं ॥

tahaa(n) khaa(n) husainee rahio ek Thaadda(n) ||

ਮਨੋ ਜੱੁਧ ਖੰਭੰ ਰਣੰ ਭੂਮ ਗਾਡੰ ॥

मनो जु्ुध खंभं रणं भूम गाडं ॥

mano ja'udh kha(n)bha(n) rana(n) bhoom gaadda(n) ||

ਜਿਸੈ ਕੋਪ ਕੈ ਕੈ ਹਠੀ ਬਾਣ ਮਾਰਿਓ ॥

जिसै कोप कै कै हठी बाण मारिओ ॥

jisai kop kai kai haThee baan maario ||

ਤਿਸੈ ਛੇਦ ਕੈ ਪੈਲ ਪਾਰੇ ਪਧਾਰਿਓ ॥੫੧॥

तिसै छेद कै पैल पारे पधारिओ ॥५१॥

tisai chhedh kai pail paare padhaario ||51||


ਸਹੇ ਬਾਣ ਸੂਰੰ ਸਭੈ ਆਣ ਢੂਕੈ ॥

सहे बाण सूरं सभै आण ढूकै ॥

sahe baan soora(n) sabhai aan ddookai ||

ਚਹੂੰ ਓਰ ਤੈ ਮਾਰ ਹੀ ਮਾਰ ਕੂਕੈ ॥

चहूँ ओर तै मार ही मार कूकै ॥

chahoo(n) or tai maar hee maar kookai ||

ਭਲੀ ਭਾਂਤਿ ਸੋ ਅਸਤ੍ਰ ਅਉ ਸਸਤ੍ਰ ਝਾਰੇ ॥

भली भाँति सो असत्र अउ ससत्र झारे ॥

bhalee bhaa(n)t so asatr aau sasatr jhaare ||

ਗਿਰੇ ਭਿਸਤ ਕੋ ਖਾਂ ਹੁਸੈਨੀ ਸਿਧਾਰੇ ॥੫੨॥

गिरे भिसत को खाँ हुसैनी सिधारे ॥५२॥

gire bhisat ko khaa(n) husainee sidhaare ||52||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਜਬੈ ਹੁਸੈਨੀ ਜੂਝਿਓ ਭਯੋ ਸੂਰ ਮਨ ਰੋਸੁ ॥

जबै हुसैनी जूझिओ भयो सूर मन रोसु ॥

jabai husainee joojhio bhayo soor man ros ||

ਭਾਜਿ ਚਲੇ ਅਵਰੇ ਸਭੈ ਉਠਿਓ ਕਟੋਚਨ ਜੋਸੁ ॥੫੩॥

भाजि चले अवरे सभै उठिओ कटोचन जोसु ॥५३॥

bhaaj chale avare sabhai uThio kaTochan jos ||53||


ਚੌਪਈ ॥

चौपई ॥

chauapiee ||

ਕੋਪਿ ਕਟੋਚਿ ਸਬੈ ਮਿਲਿ ਧਾਏ ॥

कोपि कटोचि सबै मिलि धाए ॥

kop kaToch sabai mil dhaae ||

ਹਿੰਮਤਿ ਕਿੰਮਤਿ ਸਹਿਤ ਰਿਸਾਏ ॥

हिंमति किंमति सहित रिसाए ॥

hi(n)mat ki(n)mat sahit risaae ||

ਹਰੀ ਸਿੰਘ ਤਬ ਕੀਯਾ ਉਠਾਨਾ ॥

हरी सिंघ तब कीया उठाना ॥

haree si(n)gh tab keeyaa uThaanaa ||

ਚੁਨਿ ਚੁਨਿ ਹਨੇ ਪਖਰੀਯਾ ਜੁਆਨਾ ॥੫੪॥

चुनि चुनि हने पखरीया जुआना ॥५४॥

chun chun hane pakhareeyaa juaanaa ||54||


ਨਰਾਜ ਛੰਦ ॥

नराज छंद ॥

naraaj chha(n)dh ||


ਤਬੈ ਕਟੋਚ ਕੋਪੀਅੰ ॥

तबै कटोच कोपीअं ॥

tabai kaToch kopeea(n) ||

ਸੰਭਾਰ ਪਾਵ ਰੋਪੀਅੰ ॥

संभार पाव रोपीअं ॥

sa(n)bhaar paav ropeea(n) ||

ਸਰੱਕ ਸਸਤ੍ਰ ਝਾਰਹੀ ॥

सरक्क ससत्र झारही ॥

sara'k sasatr jhaarahee ||

ਸੁ ਮਾਰਿ ਮਾਰਿ ਉਚਾਰਹੀ ॥੫੫॥

सु मारि मारि उचारही ॥५५॥

s maar maar uchaarahee ||55||


ਚੰਦੇਲ ਚੌਪੀਯੰ ਤਬੈ ॥

चंदेल चौपीयं तबै ॥

cha(n)dhel chauapeeya(n) tabai ||

ਰਿਸਾਤ ਧਾਤ ਭੇ ਸਬੈ ॥

रिसात धात भे सबै ॥

risaat dhaat bhe sabai ||

ਜਿਤੇ ਗਏ ਸੁ ਮਾਰੀਯੰ ॥

जिते गए सु मारीयं ॥

jite ge su maareeya(n) ||

ਬਚੇ ਤਿਤੇ ਸਿਧਾਰੀਯੰ ॥੫੬॥

बचे तिते सिधारीयं ॥५६॥

bache tite sidhaareeya(n) ||56||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਸਾਤ ਸਵਾਰਨ ਕੈ ਸਹਿਤ ਜੂਝੇ ਸੰਗਤ ਰਾਇ ॥

सात सवारन कै सहित जूझे संगत राइ ॥

saat savaaran kai sahit joojhe sa(n)gat rai ||

ਦਰਸੋ ਸੁਨਿ ਜੂਝੈ ਤਿਨੈ ਬਹੁਤ ਜੁਝਤ ਭਯੋ ਆਇ ॥੫੭॥

दरसो सुनि जूझै तिनै बहुत जुझत भयो आइ ॥५७॥

dharaso sun joojhai tinai bahut jujhat bhayo aai ||57||


ਹਿੰਮਤ ਹੂੰ ਉਤਰਿਯੋ ਤਹਾ ਬੀਰ ਖੇਤ ਮੰਝਾਰ ॥

हिंमत हूँ उतरियो तहा बीर खेत मंझार ॥

hi(n)mat hoo(n) utariyo tahaa beer khet ma(n)jhaar ||

ਕੇਤਨ ਕੇ ਤਨਿ ਘਾਇ ਸਹਿ ਕੇਤਨਿ ਕੈ ਤਨਿ ਝਾਰ ॥੫੮॥

केतन के तनि घाइ सहि केतनि कै तनि झार ॥५८॥

ketan ke tan ghai seh ketan kai tan jhaar ||58||


ਬਾਜ ਤਹਾਂ ਜੂਝਤ ਭਯੋ ਹਿੰਮਤ ਗਯੋ ਪਰਾਇ ॥

बाज तहाँ जूझत भयो हिंमत गयो पराइ ॥

baaj tahaa(n) joojhat bhayo hi(n)mat gayo parai ||

ਲੋਥ ਕ੍ਰਿਪਾਲਹਿ ਕੀ ਨਮਿਤ ਕੋਪਿ ਪਰੇ ਅਰਰਾਇ ॥੫੯॥

लोथ कृपालहि की नमित कोपि परे अरराइ ॥५९॥

loth kirapaaleh kee namit kop pare ararai ||59||


ਰਸਾਵਲ ਛੰਦ ॥

रसावल छंद ॥

rasaaval chha(n)dh ||


ਬਲੀ ਬੈਰ ਰੱੁਝੇ ॥

बली बैर रु्ुझे ॥

balee bair ra'ujhe ||

ਸਮੁਹਿ ਸਾਰ ਜੱੁਝੇ ॥

समुहि सार जु्ुझे ॥

samuh saar ja'ujhe ||

ਕ੍ਰਿਪਾ ਰਾਮ ਗਾਜੀ ॥

कृपा राम गाजी ॥

kirapaa raam gaajee ||

ਲਰਿਓ ਸੈਨ ਭਾਜੀ ॥੬੦॥

लरिओ सैन भाजी ॥६०॥

lario sain bhaajee ||60||


ਮਹਾ ਸੈਨ ਗਾਹੈਂ ॥

महा सैन गाहैं ॥

mahaa sain gaahai(n) ||

ਨ੍ਰਿਭੈ ਸਸਤ੍ਰ ਬਾਹੈਂ ॥

नृभै ससत्र बाहैं ॥

nirabhai sasatr baahai(n) ||

ਘਨਿਯੋ ਕਾਲ ਕੈ ਕੈ ॥

घनियो काल कै कै ॥

ghaniyo kaal kai kai ||

ਚਲੈ ਜੱਸ ਲੈ ਕੈ ॥੬੧॥

चलै जस्स लै कै ॥६१॥

chalai ja's lai kai ||61||


ਬਜੇ ਸੰਖ ਨਾਦੰ ॥

बजे संख नादं ॥

baje sa(n)kh naadha(n) ||

ਸੁਰੰ ਨਿਰਬਿਖਾਦੰ ॥

सुरं निरबिखादं ॥

sura(n) nirabikhaadha(n) ||

ਬਜੇ ਡੌਰ ਡੱਢੰ ॥

बजे डौर डड्ढं ॥

baje ddauar dda'dda(n) ||

ਹਠੇ ਸਸਤ੍ਰ ਕੱਢੰ ॥੬੨॥

हठे ससत्र कड्ढं ॥६२॥

haThe sasatr ka'dda(n) ||62||


ਪਰੀ ਭੀਰ ਭਾਰੀ ॥

परी भीर भारी ॥

paree bheer bhaaree ||

ਜੁਝੈ ਛਤ੍ਰ ਧਾਰੀ ॥

जुझै छत्र धारी ॥

jujhai chhatr dhaaree ||

ਮੁਖੰ ਮੱੁਛ ਬੰਕੰ ॥

मुखं मु्ुछ बंकं ॥

mukha(n) ma'uchh ba(n)ka(n) ||

ਮੰਡੇ ਬੀਰ ਹੰਕੰ ॥੬੩॥

मंडे बीर हंकं ॥६३॥

ma(n)dde beer ha(n)ka(n) ||63||


ਮੁਖੰ ਮਾਰਿ ਬੋਲੈਂ ॥

मुखं मारि बोलैं ॥

mukha(n) maar bolai(n) ||

ਰਣੰ ਭੂਮਿ ਡੋਲੈਂ ॥

रणं भूमि डोलैं ॥

rana(n) bhoom ddolai(n) ||

ਹਥਿਆਰੰ ਸੰਭਾਰੈਂ ॥

हथिआरं संभारैं ॥

hathiaara(n) sa(n)bhaarai(n) ||

ਉਭੈ ਬਾਜ ਡਾਰੈਂ ॥੬੪॥

उभै बाज डारैं ॥६४॥

aubhai baaj ddaarai(n) ||64||


ਦੋਹਰਾ ॥

दोहरा ॥

dhoharaa ||

ਰਣ ਜੁਝਤ ਕਿਰਪਾਲ ਕੇ ਨਾਚਤ ਭਯੋ ਗੁਪਾਲ ॥

रण जुझत किरपाल के नाचत भयो गुपाल ॥

ran jujhat kirapaal ke naachat bhayo gupaal ||

ਸੈਨ ਸਭੈ ਸਿਰਦਾਰ ਦੈ ਭਾਜਤ ਭਈ ਬਿਹਾਲ ॥੬੫॥

सैन सभै सिरदार दै भाजत भई बिहाल ॥६५॥

sain sabhai siradhaar dhai bhaajat bhiee bihaal ||65||


ਖਾਨ ਹੁਸੈਨ ਕ੍ਰਿਪਾਲ ਕੇ ਹਿੰਮਤ ਰਣ ਜੂਝੰਤ ॥

खान हुसैन कृपाल के हिंमत रण जूझंत ॥

khaan husain kirapaal ke hi(n)mat ran joojha(n)t ||

ਭਾਜਿ ਚਲੇ ਜੋਧਾ ਸਬੈ ਜਿਮ ਦੇ ਮੁਕਟ ਮਹੰਤ ॥੬੬॥

भाजि चले जोधा सबै जिम दे मुकट महंत ॥६६॥

bhaaj chale jodhaa sabai jim dhe mukaT maha(n)t ||66||


ਚੌਪਈ ॥

चौपई ॥

chauapiee ||

ਇਹ ਬਿਧ ਸਤੁ੍ਰ ਸਬੈ ਚੁਨਿ ਮਾਰੇ ॥

इह बिध सतु्र सबै चुनि मारे ॥

eeh bidh satur sabai chun maare ||

ਗਿਰੇ ਆਪਨੇ ਸੂਰ ਸੰਭਾਰੇ ॥

गिरे आपने सूर संभारे ॥

gire aapane soor sa(n)bhaare ||

ਤਹ ਘਾਇਲ ਹਿਮੰਤ ਕੱਹ ਲਹਾ ॥

तह घाइल हिमंत कह्ह लहा ॥

teh ghail hima(n)t ka'h lahaa ||

ਰਾਮ ਸਿੰਘ ਗੋਪਾਲ ਸਿਉਂ ਕਹਾ ॥੬੭॥

राम सिंघ गोपाल सिउं कहा ॥६७॥

raam si(n)gh gopaal siau(n) kahaa ||67||


ਜਿਨ ਹਿੰਮਤ ਅਸ ਕਲਹ ਬਢਾਯੋ ॥

जिन हिंमत अस कलह बढायो ॥

jin hi(n)mat as kaleh baddaayo ||

ਘਾਇਲ ਆਜ ਹਾਥ ਵਹ ਆਯੋ ॥

घाइल आज हाथ वह आयो ॥

ghail aaj haath veh aayo ||

ਜਬ ਗੁਪਾਲ ਐਸੇ ਸੁਨਿ ਪਾਵਾ ॥

जब गुपाल ऐसे सुनि पावा ॥

jab gupaal aaise sun paavaa ||

ਮਾਰਿ ਦੀਓ ਜੀਅਤ ਨ ਉਠਾਵਾ ॥੬੮॥

मारि दीओ जीअत न उठावा ॥६८॥

maar dheeo jeeat na uThaavaa ||68||


ਜੀਤ ਭਈ ਰਨ ਭਯੋ ਉਜਾਰਾ ॥

जीत भई रन भयो उजारा ॥

jeet bhiee ran bhayo ujaaraa ||

ਸਿਮ੍ਰਿਤ ਕਰਿ ਸਭ ਘਰੋ ਸਿਧਾਰਾ ॥

सिमृत करि सभ घरो सिधारा ॥

simirat kar sabh gharo sidhaaraa ||

ਰਾਖਿ ਲੀਯੋ ਹਮ ਕੋ ਜਗਰਾਈ ॥

राखि लीयो हम को जगराई ॥

raakh leeyo ham ko jagaraiee ||

ਲੋਹ ਘਟਾ ਅਨਤੈ ਬਰਸਾਈ ॥੬੯॥

लोह घटा अनतै बरसाई ॥६९॥

loh ghaTaa anatai barasaiee ||69||


ਇਤਿ ਸ੍ਰੀ ਬਚਿਤ੍ਰ ਨਾਟਕ ਗ੍ਰੰਥੇ ਹੁਸੈਨੀ ਬਧ ਕ੍ਰਿਪਾਲ ਹਿੰਮਤ ਸੰਗਤੀਆ ਬਧ ਬਰਨਨੰ ਨਾਮ ਗਿਆਰਮੋ ਧਿਆਇ ਸਮਾਪਤ ਮਸਤੁ ਸੁਭ ਮਸਤੁ ॥੧੧॥ਅਫਜੂ॥੪੨੩॥

इति स्री बचित्र नाटक ग्रंथे हुसैनी बध कृपाल हिंमत संगतीआ बध बरननं नाम गिआरमो धिआइ समापत मसतु सुभ मसतु ॥११॥अफजू॥४२३॥

eit sree bachitr naaTak gra(n)the husainee badh kirapaal hi(n)mat sa(n)gateeaa badh baranana(n) naam giaaramo dhiaai samaapat masat subh masat ||11||afajoo||423||



200+ ਗੁਰਬਾਣੀ (ਪੰਜਾਬੀ) 200+ गुरबाणी (हिंदी) 200+ Gurbani (Eng) Sundar Gutka Sahib (Download PDF) Daily Updates